Harbhajan Singh News: पूर्व भारतीय क्रिकेटर और बीजेपी नेता हरभजन सिंह ने आम आदमी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी में शामिल होने की वजह को लेकर खुलकर बात की है। हरभजन के मुताबिक, वह AAP में राजनीति करने के लिए नहीं, बल्कि खेलों से जुड़े मुद्दों को उठाने और पंजाब के खिलाड़ियों के लिए काम करने के उद्देश्य से आए थे। उनका आरोप है कि पार्टी में उनके सुझावों और विचारों को गंभीरता से नहीं लिया गया। उन्होंने कहा कि जिस मकसद से उन्होंने AAP का साथ चुना था, जब वह पूरा नहीं हुआ तो पार्टी छोड़ने का फैसला किया। हरभजन अप्रैल 2026 में AAP के छह अन्य राज्यसभा सांसदों के साथ बीजेपी में शामिल हुए थे।
खेलों के लिए काम करने के इरादे से AAP में आए थे
हरभजन सिंह ने बताया कि 2022 में जब उन्हें AAP की ओर से राज्यसभा भेजा गया था, तब उनका मुख्य उद्देश्य खेलों से जुड़े मुद्दों को संसद में उठाना था। उन्होंने दावा किया कि पार्टी में शामिल होने के समय ही उन्होंने साफ कर दिया था कि वह खेल के क्षेत्र में काम करना चाहते हैं और राजनीतिक मामलों से दूरी रखेंगे। उनका कहना है कि वह पंजाब के साथ-साथ देशभर में खेल प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए काम करना चाहते थे। लेकिन समय बीतने के साथ उन्हें लगा कि उनके विजन पर पार्टी में अपेक्षित ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
सुझावों पर ध्यान नहीं मिला तो छोड़ दी पार्टी
हरभजन ने कहा कि अगर उनके सुझावों को लागू करने की दिशा में छोटा सा कदम भी उठाया जाता तो शायद वह AAP नहीं छोड़ते। उनके मुताबिक, उन्होंने कई बार अपना विजन पार्टी के सामने रखा, लेकिन उस पर कोई खास कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान पर भी निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि खेलों को लेकर उनकी ओर से कोई खास रुचि नहीं दिखाई गई और उन्हें मुलाकात के लिए पर्याप्त समय भी नहीं मिला। हरभजन के मुताबिक, यही वजह धीरे-धीरे उनके AAP से अलग होने का कारण बनी।
‘मुझे गद्दार कहने से मैं गद्दार नहीं बन जाता’
AAP छोड़ने के बाद उनके खिलाफ हुए विरोध प्रदर्शनों पर भी हरभजन ने प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उनके घर के बाहर प्रदर्शन और पुतला जलाने जैसी घटनाओं से वह अपनी सोच नहीं बदलेंगे। उन्होंने सवाल उठाया कि अगर उन्होंने पार्टी छोड़ी है तो इसे धोखा क्यों कहा जा रहा है। हरभजन ने कहा कि उनका दिल भारत और पंजाब के लिए धड़कता है और किसी के आरोप लगाने से उनकी देशभक्ति पर सवाल खड़ा नहीं हो सकता। उन्होंने AAP से पंजाब की जनता से किए गए वादों पर भी जवाब मांगा।
पंजाब में ड्रग्स को लेकर जताई चिंता
हरभजन सिंह ने पंजाब में नशे की समस्या पर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि ड्रग्स युवाओं का भविष्य खराब कर रहे हैं और इसका असर आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचता है। उन्होंने खेलों को युवाओं को सही दिशा देने का मजबूत माध्यम बताया। हरभजन ने जालंधर की सुरजीत सिंह हॉकी अकादमी और संसारपुर का उदाहरण देते हुए कहा कि कभी छोटे से गांव से बड़ी संख्या में हॉकी खिलाड़ी निकलते थे। उनके मुताबिक, नशे की आसान उपलब्धता ने पंजाब के युवाओं को काफी नुकसान पहुंचाया है। उन्होंने कहा कि ड्रग्स की समस्या जहां भी बढ़ती है, वहां कई पीढ़ियां प्रभावित होती हैं।
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