44°C के पार पहुंचा पारा, क्या यूपी झेलेगा इस साल की सबसे भीषण गर्मी? 35 जिलों में अलर्ट

IMD Alert: उत्तर प्रदेश में इस समय गर्मी अपने चरम पर पहुंचती नजर आ रही है और हालात दिन-ब-दिन और गंभीर होते जा रहे हैं। मौसम विभाग ने प्रदेश के 35 जिलों में लू (हीट वेव) को लेकर येलो अलर्ट जारी किया है, जिससे साफ संकेत मिलता है कि आने वाले दिन लोगों के लिए और मुश्किल भरे हो सकते हैं। तेज धूप और गर्म हवाओं ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। दोपहर के समय सड़कों पर सन्नाटा देखने को मिल रहा है, क्योंकि लोग घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं। खास बात यह है कि अब सिर्फ दिन ही नहीं बल्कि रात में भी गर्मी का असर बढ़ने लगा है, जिससे राहत मिलना और मुश्किल हो गया है। मौसम विभाग के अनुसार, फिलहाल 25 अप्रैल तक किसी बड़ी राहत की उम्मीद नहीं है।

तापमान में और उछाल, 44 डिग्री पार का खतरा

आने वाले पांच दिनों में प्रदेश के तापमान में 2 से 4 डिग्री सेल्सियस तक बढ़ोतरी होने का अनुमान जताया गया है। इसका सीधा मतलब है कि जो गर्मी अभी लोगों को परेशान कर रही है, वह और ज्यादा खतरनाक रूप ले सकती है। राजधानी लखनऊ समेत कई शहरों में पारा 44 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच सकता है। तेज धूप के साथ चलने वाली गर्म हवाएं शरीर को झुलसा देने वाली स्थिति पैदा कर रही हैं। डॉक्टरों ने भी लोगों को खास सावधानी बरतने की सलाह दी है, क्योंकि लू लगने का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। खासतौर पर बुजुर्गों, बच्चों और पहले से बीमार लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है।

 कई जिलों का हाल बेहाल

प्रदेश के कुछ जिलों में गर्मी ने सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। पिछले 24 घंटों में प्रयागराज और वाराणसी सबसे ज्यादा गर्म जिले रहे, जहां तापमान 44 डिग्री के पार दर्ज किया गया। इसके अलावा सुल्तानपुर, बांदा और आजमगढ़ जैसे जिलों में भी तापमान 42 से 44 डिग्री के बीच बना हुआ है। इन इलाकों में दिनभर चिलचिलाती धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया है। वहीं आगरा, मथुरा और फिरोजाबाद में भी हालात कम गंभीर नहीं हैं, जहां गर्मी लगातार लोगों को परेशान कर रही है। नोएडा और गाजियाबाद जैसे शहरी इलाकों में भी गर्मी का असर साफ तौर पर देखा जा रहा है, जहां तापमान 40 डिग्री के आसपास बना हुआ है।

कब मिलेगी राहत? 

मौसम विभाग के अनुसार 26 अप्रैल के बाद मौसम में थोड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है, जब एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होगा। इसके असर से 27 अप्रैल को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश होने की संभावना जताई गई है, जिससे तापमान में थोड़ी गिरावट आ सकती है। हालांकि, इससे पहले तक लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना ही पड़ेगा। विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि साल 2026 में गर्मी पिछले कई सालों के रिकॉर्ड तोड़ सकती है। साथ ही मानसून के सामान्य से कमजोर रहने की आशंका भी जताई जा रही है, जो किसानों के लिए चिंता का कारण बन सकती है। अगर ऐसा होता है तो आने वाले महीनों में जल संकट और कृषि उत्पादन पर असर पड़ सकता है।

Read More-ट्रैफिक जाम में फंसे मंत्री पर भड़की महिला! सड़क पर ही गिरीश महाजन की लगी क्लास, VIDEO वायरल

Hot this week

नींद की गोली से शुरू हुई मौत की कहानी: कानपुर में पिता बना हैवान, दो मासूमों की हत्या

Kanpur News: कानपुर के किदवई नगर स्थित त्रिमूर्ति अपार्टमेंट...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img