राष्ट्रपति मुर्मू बोलीं- बीते एक दशक में भारत ने दर्ज की तीव्र विकास गति

80वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर देश के नाम अपने संबोधन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने पिछले एक दशक में देश की तेज रफ्तार तरक्की और विकास यात्रा पर विशेष प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आजादी का असली मतलब यह सुनिश्चित करना है कि देश का हर नागरिक अपनी आकांक्षाओं को पूरा करने के लिए समान अवसरों का भरपूर फायदा उठा सके। आज देश का साधारण पृष्ठभूमि से आने वाला व्यक्ति भी विभिन्न क्षेत्रों में असाधारण योगदान दे रहा है, जिससे यह पूरी तरह साबित होता है कि आज के भारत में हर व्यक्ति बड़े सपने देख भी सकता है और उन्हें अपनी मेहनत के बल पर पूरा भी कर सकता है।

स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान और विभाजन की टीस को किया याद

राष्ट्रपति ने 15 अगस्त 1947 के ऐतिहासिक दिन को याद करते हुए कहा कि इसी दिन भारतमाता पराधीनता की बेड़ियों से हमेशा के लिए मुक्त हुई थीं। उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी और बाबासाहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के योगदान को नमन करते हुए देश के निर्माण में जुटे विद्यार्थियों, शिक्षकों, वैज्ञानिकों, इंजीनियरों, डॉक्टरों, श्रमिकों और अन्नदाताओं के प्रयासों की सराहना की। इसके साथ ही, उन्होंने 14 अगस्त को ‘विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस’ के रूप में याद करते हुए कहा कि बंटवारे का दर्द झेलने वाले लाखों लोगों ने इतनी बड़ी त्रासदी के बावजूद अपनी पहचान को जिंदा रखा और सरदार पटेल ने 550 से अधिक रियासतों का भारतीय लोकतंत्र में ऐतिहासिक विलय किया।

वंचितों का उत्थान और सांस्कृतिक गौरव का बढ़ता दायरा

राष्ट्रपति मुर्मू ने महात्मा ज्योतिबा फुले की 200वीं जयंती का उल्लेख करते हुए समाज सुधार, शिक्षा और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में उनके योगदान को सराहा। उन्होंने गर्व के साथ बताया कि पिछले कुछ वर्षों में वंचित वर्गों को आगे बढ़ाना राष्ट्रीय प्राथमिकता रही है, जिसके परिणामस्वरूप देश में 25 करोड़ से अधिक लोगों को गरीबी रेखा से बाहर निकालने में बड़ी सफलता मिली है। प्रधानमंत्री जन धन योजना के तहत लगभग 59 करोड़ बैंक खाते खोले जा चुके हैं जिनमें 32 करोड़ से अधिक महिलाओं के खाते शामिल हैं, और 80 करोड़ लोगों को मुफ्त राशन देकर उनकी खाद्य सुरक्षा पूरी तरह पक्की की गई है।

डिजिटल क्रांति और भविष्य के मजबूत कदम

अपने संबोधन के अंत में राष्ट्रपति ने देश के आधुनिक और मजबूत डिजिटल बुनियादी ढांचे की जमकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि आज देश के गांवों की छोटी दुकानों और रेहड़ी-पटरी पर भी डिजिटल पेमेंट आसानी से हो रहे हैं और दुनिया के आधे से अधिक रियल-टाइम डिजिटल ट्रांजेक्शन अकेले भारत में हो रहे हैं। तकनीक के सही इस्तेमाल से सरकार ने जनकल्याणकारी योजनाओं को पूरी पारदर्शिता के साथ सीधे जनता तक पहुंचाया है। विरासत और विकास के तालमेल के साथ आगे बढ़ रहा भारत आज दुनिया के सबसे आगे रहने वाले देशों की श्रेणी में तेजी से अपनी मजबूत जगह बना रहा है।

Read more-थाने से निकलते ही पूर्व TMC विधायक पर टूटी भीड़, जूते-अंडे और कीचड़ फेंके; क्या है पूरा मामला?

Hot this week

ऑपरेशन सिंदूर पर अजीत डोभाल ने खोले कई राज, कहा-‘जरूरत पड़ने पर हम…’

राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल ने ऑपरेशन सिंदूर को...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img