देश की राजनीति में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। चुनाव आयोग ने जून और जुलाई में खाली होने वाली राज्यसभा की 24 सीटों के लिए चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया है। गुजरात, राजस्थान, कर्नाटक, मध्य प्रदेश समेत 10 राज्यों में होने वाले इन चुनावों को लेकर राजनीतिक दलों ने रणनीति बनानी शुरू कर दी है। खास बात यह है कि कुछ राज्यों में मुकाबला बेहद दिलचस्प और कांटे का होने की संभावना जताई जा रही है। इसके साथ ही महाराष्ट्र और तमिलनाडु की दो सीटों पर उपचुनाव का भी ऐलान किया गया है, जिससे राजनीतिक गतिविधियां और तेज हो गई हैं।
18 जून को मतदान, उसी दिन आएंगे नतीजे
चुनाव आयोग की ओर से जारी कार्यक्रम के अनुसार राज्यसभा की खाली सीटों के लिए 18 जून को मतदान कराया जाएगा और वोटों की गिनती भी उसी दिन होगी। आयोग 1 जून को आधिकारिक अधिसूचना जारी करेगा, जबकि उम्मीदवारों के लिए नामांकन दाखिल करने की आखिरी तारीख 8 जून तय की गई है। राज्यसभा के जिन सदस्यों का कार्यकाल खत्म हो रहा है, उनकी अवधि 21 जून से 19 जुलाई के बीच अलग-अलग तारीखों में समाप्त होगी। चुनाव आयोग ने साफ किया है कि पूरी प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से कराई जाएगी और इसके लिए विशेष पर्यवेक्षकों की नियुक्ति भी की जाएगी।
इन राज्यों में होंगी सीटों पर टक्कर
राज्यसभा चुनाव इस बार कई राज्यों में राजनीतिक समीकरण बदल सकते हैं। आंध्र प्रदेश, गुजरात और कर्नाटक में चार-चार सीटों पर चुनाव होंगे। वहीं राजस्थान और मध्य प्रदेश में तीन-तीन सीटों के लिए मतदान कराया जाएगा। झारखंड में दो सीटें खाली हो रही हैं, जबकि मणिपुर, मेघालय, अरुणाचल प्रदेश और मिजोरम में एक-एक सीट के लिए चुनाव होगा। राजस्थान की तीन सीटों को लेकर खास चर्चा है, क्योंकि यहां सत्ता और विपक्ष दोनों अपनी पूरी ताकत लगाने की तैयारी में हैं। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि कुछ राज्यों में क्रॉस वोटिंग और रणनीतिक गठजोड़ भी चुनाव को रोचक बना सकते हैं।
महाराष्ट्र और तमिलनाडु में उपचुनाव भी घोषित
चुनाव आयोग ने दो राज्यसभा सीटों पर उपचुनाव की घोषणा भी की है। महाराष्ट्र में सुनेत्रा पवार के इस्तीफे के बाद सीट खाली हुई है। विधायक बनने के बाद उन्होंने 6 मई को राज्यसभा सदस्यता छोड़ दी थी। उनका कार्यकाल वर्ष 2028 तक था। दूसरी ओर तमिलनाडु में AIADMK नेता सीवी शनमुगम ने विधानसभा चुनाव जीतने के बाद राज्यसभा से इस्तीफा दे दिया। उनका कार्यकाल भी 2028 तक चलना था। इन दोनों सीटों के लिए भी 18 जून को मतदान होगा और उसी दिन परिणाम घोषित किए जाएंगे। आयोग ने कहा है कि चुनाव प्रक्रिया की हर गतिविधि पर नजर रखी जाएगी ताकि स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित हो सके।
Read more-‘कॉकरोच जनता पार्टी’ से घबराई राजनीति? प्रियंका चतुर्वेदी बोलीं- BJP के खिलाफ गुस्सा है, लेकिन…







