PM Narendra Modi: गुजरात के साणंद में आयोजित एक बड़े कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का अलग ही अंदाज देखने को मिला। सेमीकंडक्टर परियोजना के उद्घाटन के बाद अपने संबोधन में उन्होंने अचानक लोकप्रिय डायलॉग ‘सुन रहे हो न, विनोद’ कहा। यह सुनते ही कार्यक्रम में मौजूद लोगों के चेहरे पर मुस्कान आ गई और पूरा पंडाल तालियों और ठहाकों से गूंज उठा। मंच पर मौजूद उद्योग जगत के प्रतिनिधि और अन्य अतिथि भी इस पल का आनंद लेते नजर आए। प्रधानमंत्री का यह अंदाज सोशल मीडिया पर भी तेजी से चर्चा का विषय बन गया और कार्यक्रम का यह हिस्सा लोगों के बीच खूब साझा किया जा रहा है।
छोटे लक्ष्य नहीं, हमेशा बड़ा सोचने की बात कही
अपने भाषण के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वह कभी छोटे लक्ष्य तय नहीं करते। उन्होंने कहा कि अगर कोई काम करना है तो उसे बड़े स्तर पर करना चाहिए। इसी बात को समझाते हुए उन्होंने दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि जब प्रतिमा बनाई गई तो उसे दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा बनाने का लक्ष्य रखा गया। प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के विकास के लिए बड़ी सोच और बड़े लक्ष्य जरूरी हैं। उनका कहना था कि अगर लक्ष्य बड़ा होगा, तभी बड़ी उपलब्धियां भी हासिल होंगी।
Sun rahe ho na BINOD😅 pic.twitter.com/CemkekgSnm
— Harsh Sanghavi (@sanghaviharsh) July 4, 2026
उद्योग जगत की तारीफ, सेमीकंडक्टर क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि
इस कार्यक्रम में सीजी पावर एंड इंडस्ट्रियल सॉल्यूशंस के चेयरमैन वेल्लायन सुबैया ने भी अपने संबोधन में गुजरात की दो प्रसिद्ध कहावतों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि ऊंचा लक्ष्य रखना ही सफलता की पहचान है। साथ ही उन्होंने बताया कि कंपनी ने सेमीकंडक्टर चिप की पहली खेप जापान में अपने साझेदारों के पास भेज दी है। इसे भारत के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया गया, क्योंकि इससे देश वैश्विक सेमीकंडक्टर सप्लाई चेन में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज करा रहा है। प्रधानमंत्री ने भी अपने भाषण में इन कहावतों का जिक्र करते हुए कहा कि काम खुद अपनी कहानी कहता है और आज भारत उसी दिशा में आगे बढ़ रहा है।
सोशल मीडिया पर छाया पीएम का अंदाज
प्रधानमंत्री मोदी के भाषण का सबसे ज्यादा चर्चित हिस्सा वही रहा, जब उन्होंने ‘सुन रहे हो न, विनोद’ कहकर लोगों को चौंका दिया। यह डायलॉग पिछले कुछ समय से सोशल मीडिया और मीम्स की दुनिया में काफी लोकप्रिय है। प्रधानमंत्री द्वारा इसका इस्तेमाल करने के बाद कार्यक्रम का यह वीडियो तेजी से वायरल होने लगा। कई लोगों ने इसे प्रधानमंत्री का हल्का-फुल्का और अलग अंदाज बताया, जबकि कई लोगों ने इसे युवाओं से जुड़ने की कोशिश के रूप में देखा। वहीं, कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री ने स्वदेशी सेमीकंडक्टर उद्योग को मजबूत बनाने के लिए सरकार की योजनाओं और भारत को तकनीक के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के प्रयासों पर भी विस्तार से बात की।
Read More-आखिर क्यों टूटा ममता बनर्जी की करीबी नेता का भरोसा? चंद्रिमा भट्टाचार्य ने खुद बताई इस्तीफे की वजह








