दिल्ली के जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) का विरोध प्रदर्शन मंगलवार को भी जारी रहा। सोमवार को संसद मार्च के दौरान हुई झड़प और पुलिस कार्रवाई के बाद भी प्रदर्शनकारियों ने अपना आंदोलन वापस लेने से इनकार कर दिया। सुबह से ही हल्की बारिश के बावजूद बड़ी संख्या में समर्थक जंतर-मंतर पहुंचने लगे और धरनास्थल पर फिर से गतिविधियां तेज हो गईं। पार्टी का कहना है कि जब तक शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। प्रदर्शनकारियों का दावा है कि उनकी मांग शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर जवाबदेही तय करने की है और वे शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज उठाना चाहते हैं। वहीं प्रशासन पूरे घटनाक्रम पर लगातार नजर बनाए हुए है और इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
प्रधानमंत्री के इस्तीफे की भी उठी मांग
सोमवार को हुई पुलिस कार्रवाई के बाद CJP ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इस्तीफे की भी मांग उठाई। पार्टी ने आरोप लगाया कि सरकार ने प्रदर्शनकारियों के साथ सख्ती बरतकर लोकतांत्रिक अधिकारों को कमजोर किया है। दूसरी ओर, संसद परिसर में आजाद समाज पार्टी (एएसपी) के प्रमुख और नगीना से सांसद चंद्रशेखर आजाद भी धरने पर बैठ गए। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि वे संविधान और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए विरोध दर्ज करा रहे हैं। इस घटनाक्रम के बाद आंदोलन को राजनीतिक समर्थन मिलने की चर्चाएं भी तेज हो गई हैं। हालांकि सरकार की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
सरकार से बातचीत हुई, लेकिन नहीं निकला कोई समाधान
सूत्रों के अनुसार, सोमवार को CJP के प्रतिनिधियों और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा के बीच बातचीत हुई थी। इस बैठक में प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगें सरकार के सामने रखीं, लेकिन किसी भी मांग पर तत्काल सहमति या आश्वासन नहीं मिला। बताया जा रहा है कि जेपी नड्डा ने प्रतिनिधियों से अपील की कि वे धरना समाप्त कर सामान्य स्थिति बहाल करने में प्रशासन का सहयोग करें। वहीं CJP का कहना है कि जब तक उनकी प्रमुख मांगों पर ठोस फैसला नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। दोनों पक्षों के बीच बातचीत होने के बावजूद समाधान नहीं निकलने से अब आंदोलन के आगे बढ़ने की संभावना बनी हुई है। राजधानी में प्रशासन भी स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए है।
हिंसा के बाद FIR दर्ज, पुलिस ने फिर किया बल प्रयोग
संसद मार्च के दौरान हुई हिंसा के मामले में दिल्ली पुलिस ने अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि घटना से जुड़े वीडियो, सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों के आधार पर जिम्मेदार लोगों की पहचान की जा रही है। इसी बीच संसद मार्ग थाना के बाहर प्रदर्शन कर रहे CJP समर्थकों को हटाने के लिए पुलिस ने एक बार फिर लाठीचार्ज किया। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को पीछे धकेलते हुए इलाके को खाली कराया, जिसके वीडियो भी सामने आए हैं। फिलहाल जंतर-मंतर और आसपास के क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात है। आने वाले दिनों में सरकार और प्रदर्शनकारियों के बीच बातचीत होती है या आंदोलन और तेज होता है, इस पर सभी की नजर बनी हुई है।








