हरियाणा के महम में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम उस समय भारी हंगामे और विवादों के साए में आ गया, जब वहां एक के बाद एक दो बड़ी घटनाएं घट गईं। एक तरफ जहां महम विधानसभा चुनाव लड़ चुके नेता दीपक हुड्डा के मंच पर चढ़ने के दौरान भारी धक्का-मुक्की और अफरा-तफरी का माहौल बन गया, वहीं दूसरी तरफ कार्यक्रम स्थल पर एक महिला को अचानक करंट लगने से गंभीर स्थिति पैदा हो गई। हालांकि, मौके पर मौजूद आयोजकों और प्रशासनिक अमले की सूझबूझ से दोनों ही मामलों पर जल्द ही काबू पा लिया गया, जिससे कोई बड़ा हादसा टल गया। इस घटना के बाद से राजनीतिक गलियारों में और स्थानीय स्तर पर इस कार्यक्रम की काफी चर्चा हो रही है।
श्रुति चौधरी का बयान और महम की पेयजल समस्या
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य रूप से हरियाणा सरकार की सिंचाई मंत्री श्रुति चौधरी के संबोधन और पत्रकारों से हुई बातचीत के साथ हुई थी। मंत्री श्रुति चौधरी ने महम स्थित बीजेपी कार्यालय में प्रेस को संबोधित करते हुए क्षेत्र के विकास कार्यों और सबसे गंभीर समस्या यानी पेयजल संकट पर खुलकर बात की। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में महम क्षेत्र के विकास के लिए करोड़ों रुपये की लागत से कई योजनाएं तैयार की गई हैं ताकि बाढ़ जैसी पुरानी समस्याओं से निजात मिल सके। उन्होंने स्वीकार किया कि महम में लंबे समय से पानी की भारी किल्लत है और लोगों को पांच से छह दिन के अंतराल पर पानी की सप्लाई मिल पाती है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भिवानी डिस्ट्रीब्यूटरी ब्रांच के सुधारीकरण के जरिए इस समस्या का जल्द ही स्थायी समाधान कर दिया जाएगा।
मंच पर चढ़ते ही दीपक हुड्डा के साथ धक्का-मुक्की
मंत्री के संबोधन और राजनीतिक चर्चा के बीच कार्यक्रम का माहौल उस समय अचानक तनावपूर्ण हो गया जब महम विधानसभा क्षेत्र से चुनाव लड़ चुके नेता दीपक हुड्डा मंच की तरफ बढ़ने लगे। जैसे ही दीपक हुड्डा मंच पर चढ़ने की कोशिश कर रहे थे, वहां मौजूद भीड़ और समर्थकों के बीच तीखी झड़प और धक्का-मुक्की शुरू हो गई। इस अप्रत्याशित घटनाक्रम के चलते कुछ ही पलों में कार्यक्रम स्थल पर अफरा-तफरी और भगदड़ जैसा माहौल बन गया। हालांकि, स्थिति को ज्यादा बिगड़ने से पहले वहां मौजूद समझदार लोगों और पार्टी कार्यकर्ताओं ने बीच-बचाव कर मामले को शांत कराया और व्यवस्था को दोबारा से सुचारू रूप से संचालित किया।
करंट की चपेट में आई महिला, मची चीख-पुकार
अभी मंच पर हुई धक्का-मुक्की का मामला शांत ही हुआ था कि कार्यक्रम स्थल पर एक और गंभीर दुर्घटना घट गई, जिसने सभी को सकते में डाल दिया। प्राप्त जानकारी के अनुसार, कार्यक्रम में शामिल होने आई एक महिला अचानक बिजली के किसी खुले तार या उपकरण के संपर्क में आ गई, जिससे उसे तेज करंट लग गया। करंट का झटका लगते ही महिला मौके पर ही झुलस गई और वहां चीख-पुकार मच गई। गनीमत यह रही कि आसपास मौजूद लोगों और प्रशासनिक अधिकारियों ने तुरंत मुस्तैदी दिखाते हुए बिजली की सप्लाई कटवाई और महिला को फौरन सुरक्षित स्थान पर पहुंचाकर प्राथमिक उपचार मुहैया कराया। डॉक्टरों के मुताबिक, समय पर इलाज मिलने के कारण अब महिला की जान खतरे से पूरी तरह बाहर है।
प्रशासनिक सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल
एक ही कार्यक्रम के दौरान इस प्रकार की दो बड़ी घटनाएं सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और राजनीतिक विरोधियों द्वारा प्रशासनिक व्यवस्था और सुरक्षा प्रबंधों पर गंभीर सवाल खड़े किए जाने लगे हैं। राजनीतिक आयोजनों में इस तरह की अव्यवस्था और लापरवाही आम जनता की सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बनती जा रही है। आयोजकों की यह जिम्मेदारी बनती है कि वे ऐसे आयोजनों में भीड़ प्रबंधन के साथ-साथ बिजली के खुले तारों और उपकरणों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें, ताकि भविष्य में इस तरह की शर्मनाक और खतरनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके। फिलहाल, महिला के स्वस्थ होने और स्थिति नियंत्रण में आने के बाद प्रशासन और पार्टी नेताओं ने राहत की सांस ली है।








