LPG Cylinder Booking Rules: देशभर में घरेलू गैस सिलेंडर का उपयोग करने वाले करोड़ों उपभोक्ताओं के लिए एक नया नियम लागू किया गया है। तेल कंपनियों ने गैस सिलेंडर बुकिंग से जुड़े सिस्टम में बदलाव किया है, जिसके तहत अब एक सिलेंडर मिलने के बाद दूसरे सिलेंडर की डिलीवरी के लिए कम से कम 21 दिन का इंतजार करना होगा। पहले यह समय सीमा 15 दिन थी, लेकिन अब इसे बढ़ाकर 21 दिन कर दिया गया है। इसका मतलब यह है कि अगर आपको आज गैस सिलेंडर मिला है, तो अगला सिलेंडर 21 दिन पूरे होने के बाद ही डिलीवर किया जाएगा। इस नए नियम को लागू करने के लिए गैस एजेंसियों के सॉफ्टवेयर को भी अपडेट कर दिया गया है, जिससे सिस्टम अपने आप यह जांच करेगा कि पिछले सिलेंडर की डिलीवरी के बाद 21 दिन पूरे हुए हैं या नहीं। इस बदलाव को लेकर कंपनियों का कहना है कि इसका उद्देश्य गैस सप्लाई को बेहतर तरीके से संतुलित करना और सभी उपभोक्ताओं तक समय पर सिलेंडर पहुंचाना है।
बुकिंग का तरीका वही रहेगा, लेकिन डिलीवरी में लगेगा समय
नए नियम के लागू होने के बाद भी गैस सिलेंडर बुकिंग का तरीका पहले जैसा ही रहेगा। यानी उपभोक्ता फोन कॉल, मोबाइल ऐप, वेबसाइट या गैस एजेंसी के माध्यम से पहले की तरह ही सिलेंडर बुक कर सकेंगे। ग्राहक चाहें तो सिलेंडर मिलने के तुरंत बाद अगली बुकिंग भी कर सकते हैं। हालांकि डिलीवरी का समय अब नए नियम के अनुसार ही तय होगा। यानी अगर 21 दिन पूरे नहीं हुए हैं, तो सिस्टम अगला सिलेंडर जारी नहीं करेगा। सरकार और तेल कंपनियां इस बात पर भी विचार कर रही हैं कि भविष्य में बुकिंग की अनुमति भी 21 दिन बाद ही दी जाए। अगर ऐसा नियम लागू होता है, तो उपभोक्ताओं को नया सिलेंडर बुक करने के लिए भी 21 दिन का इंतजार करना पड़ सकता है। फिलहाल यह प्रस्ताव विचाराधीन है, लेकिन अभी बुकिंग पर कोई रोक नहीं लगाई गई है।
साल में 15 सिलेंडर खरीदने का नियम पहले जैसा
घरेलू गैस सिलेंडर को लेकर पहले से ही कुछ नियम लागू हैं, जिनमें कोई बदलाव नहीं किया गया है। तेल कंपनियों के नियम के अनुसार एक उपभोक्ता साल में 12 सब्सिडी वाले सिलेंडर ले सकता है। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर 3 अतिरिक्त सिलेंडर बिना सब्सिडी के खरीदे जा सकते हैं। इस तरह एक गैस कनेक्शन पर एक साल में अधिकतम 5 सिलेंडर ही खरीदे जा सकते हैं। यह गणना हर साल 1 अप्रैल से 31 मार्च के बीच की जाती है। अगर कोई उपभोक्ता 12 सब्सिडी वाले सिलेंडर इस्तेमाल कर चुका है और उसे और सिलेंडर चाहिए, तो उसे बाजार कीमत पर अतिरिक्त सिलेंडर खरीदना होगा। तेल कंपनियों का कहना है कि यह नियम गैस की खपत को संतुलित रखने और सभी उपभोक्ताओं को बराबर सुविधा देने के लिए बनाया गया है।
सिलेंडर की सप्लाई और कीमतों को लेकर भी अपडेट
तेल कंपनियों ने यह भी स्पष्ट किया है कि नए नियम के बावजूद गैस सिलेंडरों की सप्लाई में कोई कमी नहीं है। उपभोक्ताओं को परेशान होने की जरूरत नहीं है क्योंकि सभी गैस एजेंसियों और बॉटलिंग प्लांटों को नियमित रूप से सिलेंडर की आपूर्ति की जा रही है। कई जगहों पर सप्लाई बनाए रखने के लिए प्लांटों में रविवार को भी काम कराया जा रहा है। इसके अलावा कंपनियों ने यह भी निर्देश दिया है कि सिलेंडर बुकिंग के बाद 24 घंटे के भीतर डिलीवरी देने की कोशिश की जाए, ताकि उपभोक्ताओं को ज्यादा इंतजार न करना पड़े। वहीं कीमतों की बात करें तो हाल ही में कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम में बढ़ोतरी हुई है। राजधानी दिल्ली में 19 किलो का कमर्शियल एलपीजी सिलेंडर अब करीब 1883 रुपये में मिल रहा है, जबकि मुंबई में इसकी कीमत लगभग 1835 रुपये हो गई है। हालांकि घरेलू सिलेंडर की कीमतों में फिलहाल कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया है। नए नियम के साथ सरकार और कंपनियों का लक्ष्य है कि गैस वितरण व्यवस्था को ज्यादा व्यवस्थित और पारदर्शी बनाया जाए।








