जयपुर: पिंक सिटी कहे जाने वाले जयपुर की सड़कों से एक ऐसी तस्वीर सामने आई है, जिसने न केवल महिला सुरक्षा के दावों की पोल खोल दी है, बल्कि समाज की संवेदनहीनता को भी नंगा कर दिया है। सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैल रहे एक वीडियो ने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। इस वीडियो में दो युवक एक चलती बाइक पर सवार युवती के साथ जिस तरह की अभद्रता कर रहे हैं, उसे देखकर किसी भी सभ्य नागरिक का खून खौलना लाजमी है। यह घटना केवल एक अपराध नहीं, बल्कि उन तमाम दावों पर तमाचा है जो सुरक्षित शहर और सशक्त कानून व्यवस्था की दुहाई देते हैं।
बीच सड़क पर ‘गुंडागर्दी’ का लाइव वीडियो
घटना के विवरण के अनुसार, जयपुर के एक व्यस्त इलाके में एक युवती अपनी बाइक से गंतव्य की ओर जा रही थी। तभी पीछे से एक अन्य बाइक पर सवार दो युवक आते हैं। वीडियो में साफ दिख रहा है कि ये युवक न केवल युवती का पीछा कर रहे थे, बल्कि उन्होंने युवती के करीब आकर उसके साथ शारीरिक रूप से बदसलूकी की और अश्लील फब्तियां कसीं। मनचलों के हौसले इतने बुलंद थे कि उन्हें न तो कानून का डर था और न ही दिन के उजाले में पकड़े जाने का भय। वे युवती को परेशान करते हुए तेजी से आगे निकल गए। इस पूरी घटना को पीछे चल रहे एक अन्य वाहन सवार ने अपने मोबाइल में कैद कर लिया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
राह चलती टैक्सी बाइक पर अनजान दो व्यक्तियों द्वारा लड़की के साथ छेड़खानी की गई है @JprRuralPolice @PoliceRajasthan इन पर सख्त कार्रवाई करे!@BalotBaswa @PravinSinghal92 pic.twitter.com/y4pwZ1Z6DZ
— MANOJ MEENA (@manojkmmeena) April 9, 2026
वीडियो बनाने वाले पर उठे सवाल
इस वायरल वीडियो ने एक और कड़वा सच उजागर किया है—वह है आसपास मौजूद लोगों की चुप्पी। जब यह घटना हो रही थी, तब सड़क पर अन्य वाहन चालक भी मौजूद थे, लेकिन किसी ने भी आगे बढ़कर उन लफंगों को रोकने या युवती की मदद करने की जहमत नहीं उठाई। इंटरनेट यूजर्स का गुस्सा इस बात पर भी फूट रहा है कि जिस व्यक्ति ने यह वीडियो रिकॉर्ड किया, उसने कैमरा चलाने के बजाय उन अपराधियों को टोकना या युवती का बचाव करना जरूरी क्यों नहीं समझा। लोग कमेंट कर रहे हैं कि “डिजिटल युग में हम इतने पत्थर दिल हो गए हैं कि मदद करने के बजाय वीडियो बनाना हमारी प्राथमिकता बन गई है।”
पुलिसिया कार्रवाई की मांग
जैसे ही यह वीडियो ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) और इंस्टाग्राम पर वायरल हुआ, लोगों ने राजस्थान पुलिस और मुख्यमंत्री कार्यालय को टैग करना शुरू कर दिया। यूजर्स का कहना है कि अगर इन अपराधियों को आज नहीं रोका गया, तो कल ये किसी बड़ी वारदात को अंजाम दे सकते हैं। कुछ यूजर्स ने तीखी टिप्पणी करते हुए लिखा कि “नेताओं के भाषणों में बेटियां सुरक्षित हैं, लेकिन हकीकत में सड़कों पर भेड़िये घूम रहे हैं।” प्रशासन से मांग की जा रही है कि सीसीटीवी फुटेज और वायरल वीडियो के आधार पर बाइक के नंबर को ट्रेस किया जाए और इन मनचलों को सलाखों के पीछे भेजकर एक मिसाल कायम की जाए ताकि भविष्य में कोई ऐसी हिम्मत न कर सके।








