टेकऑफ से ठीक पहले आखिर क्यों धुएं से भर गया IndiGo का विमान? यात्रियों में मची अफरा-तफरी

बेंगलुरु से चेन्नई जा रही IndiGo की फ्लाइट 6E 6017 में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब उड़ान भरने से ठीक पहले विमान के केबिन में अचानक धुआं फैलने लगा। बताया जा रहा है कि विमान टेकऑफ की तैयारी में था और यात्री अपनी सीटों पर बैठे हुए थे। तभी कुछ यात्रियों ने केबिन के अंदर धुआं दिखाई देने की जानकारी क्रू मेंबर्स को दी। हालात को गंभीरता से लेते हुए विमान चालक दल ने तुरंत इमरजेंसी प्रोटोकॉल लागू किया। कुछ ही मिनटों में यात्रियों को सुरक्षित तरीके से विमान से बाहर निकाला गया। इस दौरान एयरपोर्ट पर मौजूद सुरक्षा और तकनीकी टीमों को भी तुरंत अलर्ट कर दिया गया। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी भी यात्री या क्रू सदस्य को कोई चोट नहीं पहुंची। हालांकि अचानक हुई इस घटना से यात्रियों में घबराहट जरूर फैल गई और कई लोग डरे हुए नजर आए।

क्रू की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा

विमान के अंदर धुआं फैलने की जानकारी मिलते ही क्रू मेंबर्स ने तेजी से कार्रवाई की। यात्रियों को शांत रहने के लिए कहा गया और एक-एक कर सुरक्षित बाहर निकाला गया। एयरलाइन की ओर से बताया गया कि सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए तत्काल विमान खाली कराया गया। सभी यात्रियों को एयरपोर्ट टर्मिनल तक सुरक्षित पहुंचाया गया, जहां उनके लिए जरूरी इंतजाम किए गए। एयरलाइन ने बाद में यात्रियों के लिए रिफ्रेशमेंट्स और वैकल्पिक फ्लाइट की व्यवस्था भी की। फिलहाल धुआं उठने की असली वजह सामने नहीं आई है। तकनीकी टीम विमान की जांच कर रही है और संबंधित एजेंसियों को भी मामले की जानकारी दे दी गई है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक तकनीकी खराबी की आशंका जताई जा रही है, लेकिन आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर विमान सुरक्षा और तकनीकी निरीक्षण को लेकर चर्चा बढ़ा दी है।

DGCA ने एयरलाइंस को जारी किए नए निर्देश

इस घटना के बीच नागर विमानन महानिदेशालय यानी DGCA ने एयरलाइंस के लिए नए दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं। हालांकि ये निर्देश मुख्य रूप से अफ्रीकी देशों में फैले इबोला संक्रमण को ध्यान में रखते हुए दिए गए हैं। DGCA ने एयरलाइंस से कहा है कि प्रभावित देशों से आने वाले यात्रियों के लिए विशेष निगरानी रखी जाए। युगांडा और कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य जैसे देशों से आने वाले यात्रियों को स्व-घोषणा फॉर्म भरना अनिवार्य किया गया है। एयरलाइंस को निर्देश दिया गया है कि विमान में ही यात्रियों से ये फॉर्म भरवाए जाएं ताकि संदिग्ध मामलों की समय रहते पहचान की जा सके। इसके अलावा उड़ान के दौरान यात्रियों को इबोला संक्रमण से जुड़ी जागरूकता घोषणाएं करने के भी निर्देश दिए गए हैं। DGCA ने सार्वजनिक स्वास्थ्य सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विस्तृत मानक संचालन प्रक्रिया यानी SOP जारी की है, जिसमें संक्रमण से बचाव और आपात स्थिति से निपटने के उपाय शामिल हैं।

एयरलाइन सुरक्षा पर फिर बढ़ी चिंता

बेंगलुरु एयरपोर्ट पर हुई इस घटना के बाद यात्रियों के बीच विमान सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। हालांकि एयरलाइन और एयरपोर्ट प्रशासन ने समय रहते स्थिति संभाल ली, लेकिन टेकऑफ से पहले विमान में धुआं भरने जैसी घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि विमान संचालन में सुरक्षा मानकों का लगातार पालन बेहद जरूरी है क्योंकि छोटी तकनीकी गड़बड़ी भी बड़ा हादसा बन सकती है। वहीं दूसरी तरफ DGCA द्वारा जारी स्वास्थ्य संबंधी नए निर्देश यह भी दिखाते हैं कि एयरलाइंस को अब तकनीकी सुरक्षा के साथ-साथ स्वास्थ्य सुरक्षा पर भी बराबर ध्यान देना होगा। फिलहाल घटना की जांच जारी है और यात्रियों को सुरक्षित गंतव्य तक पहुंचाने की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। एयरलाइन की ओर से कहा गया है कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है और मामले की हर पहलू से जांच की जाएगी।

Read More-दिल्ली में अब किन लोगों को मिलेगा मुफ्त राशन? CM रेखा गुप्ता के फैसले ने बढ़ाई हलचल

Hot this week

spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img