मुंबई के चेंबूर इलाके में मंगलवार दोपहर एक दर्दनाक हादसे ने पूरे शहर को हिला दिया। स्कूल से बच्चों को लेकर जा रही एक बस पर अचानक एक बड़ा पेड़ गिर पड़ा। हादसे के समय बस में कई छात्र सवार थे। अचानक हुए इस हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई और स्थानीय लोग तुरंत मदद के लिए दौड़ पड़े। शुरुआती जानकारी के अनुसार, इस दुर्घटना में एक छात्र की मौत हो गई, जबकि 10 से अधिक बच्चे घायल हुए हैं। घायलों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज जारी है। इस घटना के बाद इलाके में शोक और चिंता का माहौल है।
कुछ ही सेकंड में बदल गया पूरा मंजर
जानकारी के अनुसार, यह हादसा दोपहर करीब 2:50 बजे हुआ। यूनिवर्सल स्कूल की बस चेंबूर के 11 नंबर रोड से गुजर रही थी, तभी सड़क किनारे खड़ा एक बड़ा पेड़ अचानक बस पर गिर गया। पेड़ गिरते ही बस के अंदर बैठे बच्चे घबरा गए और चारों तरफ अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने बिना देर किए राहत कार्य शुरू किया और पुलिस व बचाव टीम को सूचना दी। कुछ ही समय में सभी बच्चों को बस से सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। घायल छात्रों को नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जिनमें कुछ बच्चों का इलाज जेन अस्पताल में चल रहा है। डॉक्टर लगातार उनकी निगरानी कर रहे हैं।
पहले भी उठ चुके थे खतरे के संकेत
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस इलाके में पुराने और कमजोर पेड़ों को लेकर कई बार प्रशासन को शिकायत दी गई थी। निवासियों ने संबंधित अधिकारियों को पत्र लिखकर पेड़ों की छंटाई या उन्हें हटाने की मांग भी की थी। उनका दावा है कि पहले भी इस इलाके में इसी तरह की घटनाएं हो चुकी थीं, लेकिन समय रहते जरूरी कार्रवाई नहीं की गई। अब इस हादसे के बाद एक बार फिर सवाल उठ रहे हैं कि यदि पहले चेतावनी पर ध्यान दिया जाता, तो शायद इस दर्दनाक घटना को टाला जा सकता था। स्थानीय नागरिकों ने पूरे मामले की जांच और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
हादसे के बाद जांच शुरू
हादसे के बाद पुलिस और स्थानीय प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। यह पता लगाया जा रहा है कि पेड़ गिरने की वजह क्या थी और क्या उसकी स्थिति पहले से कमजोर थी। साथ ही यह भी देखा जाएगा कि संबंधित विभाग को पहले मिली शिकायतों पर क्या कार्रवाई की गई थी। इस घटना ने स्कूल बसों की सुरक्षा और शहर में पेड़ों के रखरखाव को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल प्रशासन ने घायलों के बेहतर इलाज का भरोसा दिया है और पूरे मामले की विस्तृत जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही है। इस दुखद हादसे ने एक बार फिर यह याद दिलाया है कि सार्वजनिक सुरक्षा से जुड़ी छोटी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है।
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