Team India: एशिया कप 2025 को लेकर टीम इंडिया के फैंस के बीच जोश चरम पर है, लेकिन इस बार तैयारियों का अंदाज़ बिल्कुल अलग होने वाला है। बीसीसीआई ने आधिकारिक रूप से घोषणा की है कि टीम इंडिया 6 सितंबर को सीधे UAE के लिए रवाना होगी, जहां 9 सितंबर से टूर्नामेंट का आगाज़ होगा। खास बात यह है कि इस बार भारतीय टीम को टूर्नामेंट से पहले किसी भी तरह का प्रैक्टिस कैंप या ट्रेनिंग सेशन नहीं मिलेगा। कप्तान सूर्यकुमार यादव की अगुवाई में खिलाड़ी सीधे मैदान पर उतरेंगे। ऐसे में सवाल यही है कि बिना अभ्यास के क्या सूर्या ब्रिगेड एशिया कप में जीत का परचम लहरा पाएगी या फिर टीम को शुरुआती मैचों में तालमेल बिठाने के लिए संघर्ष करना पड़ेगा।
अनुभवी और युवा खिलाड़ियों के दम पर उतरेगी सूर्या ब्रिगेड
क्रिकेट एक्सपर्ट्स का मानना है कि भारत के लिए यह फैसला जोखिम भरा साबित हो सकता है। आमतौर पर किसी भी बड़े टूर्नामेंट से पहले टीम इंडिया को 5 से 7 दिनों का तैयारी कैंप मिलता है, लेकिन इस बार शेड्यूल की व्यस्तता और खिलाड़ियों के लगातार क्रिकेट खेलने की वजह से BCCI ने ट्रेनिंग सेशन को स्किप कर दिया है। टीम का भरोसा खिलाड़ियों के हालिया प्रदर्शन और फिटनेस पर ही रहेगा। विराट कोहली, जसप्रीत बुमराह और रोहित शर्मा जैसे अनुभवी खिलाड़ी टीम का हिस्सा हैं, जबकि युवा सितारे शुभमन गिल और रिंकू सिंह भी स्क्वॉड में शामिल किए गए हैं। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि अनुभवी और युवा खिलाड़ियों का यह कॉम्बिनेशन मैदान पर कैसा जलवा दिखाता है।
UAE की स्पिन पिचों पर मिलेगी कड़ी चुनौती
फैंस के बीच इस फैसले ने सस्पेंस और रोमांच दोनों को बढ़ा दिया है। एक ओर लोग मान रहे हैं कि लगातार क्रिकेट खेलने के बाद खिलाड़ियों को ज्यादा प्रैक्टिस की ज़रूरत नहीं है, वहीं दूसरी ओर यह भी आशंका जताई जा रही है कि बिना तैयारी के एशिया कप जैसे हाई-प्रेशर टूर्नामेंट में उतरना टीम को भारी पड़ सकता है। UAE की पिचें स्पिनर्स के लिए मददगार मानी जाती हैं और पाकिस्तान, श्रीलंका जैसी टीमें इस कंडीशन में मजबूत चुनौती पेश कर सकती हैं। ऐसे में सूर्या कंपनी के लिए यह टूर्नामेंट न सिर्फ अपनी काबिलियत साबित करने का मौका होगा बल्कि आलोचकों को जवाब देने का भी। अब नज़रें 9 सितंबर के दिन पर टिकी हैं, जब टीम इंडिया अपने अभियान की शुरुआत करेगी।