हरियाणा के गुरुग्राम से दो बच्चों के अपहरण का सनसनीखेज मामला सामने आया, जिसने कुछ ही घंटों में एक खौफनाक मोड़ ले लिया। पुलिस जांच में सामने आया कि बदमाशों ने इस वारदात को अंजाम देने से पहले पूरी प्लानिंग की थी। उन्होंने ऑटो ड्राइवर मनोज को इसलिए निशाना बनाया क्योंकि वे उसे पहले से जानते थे। इसी पहचान का फायदा उठाकर बच्चों को अगवा किया गया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और पुलिस ने तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया।
बरेली में हादसे ने पलटा खेल
अपहरण के बाद आरोपी बच्चों को लेकर उत्तर प्रदेश के बरेली की ओर भाग रहे थे। इसी दौरान उनकी गाड़ी एक सड़क हादसे का शिकार हो गई। हादसा इतना भयानक था कि उसमें तीनों किडनैपर्स की मौके पर ही मौत हो गई। इस अप्रत्याशित दुर्घटना ने पूरे मामले का रुख बदल दिया और पुलिस को बड़ी राहत मिली। मौके पर पहुंची स्थानीय पुलिस ने तुरंत बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाला।
पुलिस की तेजी से बची जान
हादसे की सूचना मिलते ही बरेली पुलिस हरकत में आई और बच्चों को सुरक्षित अपने कब्जे में लिया। साथ ही, सर्विलांस की मदद से गुरुग्राम पुलिस ने ऑटो ड्राइवर मनोज को भी सुरक्षित बरामद कर लिया। शुरुआती जांच में यह भी पता चला कि इस पूरी साजिश में कई और लोग शामिल हो सकते हैं। फिलहाल पुलिस हर एंगल से मामले की जांच कर रही है और पूरे नेटवर्क को खंगालने में जुटी है।
संयुक्त जांच से खुलेंगे और राज
इस मामले में अब हरियाणा पुलिस और उत्तर प्रदेश पुलिस मिलकर संयुक्त जांच कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि बच्चों के सुरक्षित मिलने के बावजूद यह एक गंभीर आपराधिक साजिश है, जिसके पीछे के मास्टरमाइंड तक पहुंचना जरूरी है। पुलिस जल्द ही पूरे मामले का खुलासा करने का दावा कर रही है। फिलहाल परिवार ने राहत की सांस ली है, लेकिन इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था पर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।