UP News: उत्तर प्रदेश में सुरक्षा एजेंसियों ने एक चौंकाने वाला मामला उजागर किया है। आगरा के रहने वाले एक युवक को पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी के लिए कथित तौर पर जासूसी करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। आरोपी की पहचान आदर्श कुमार उर्फ लकी के रूप में हुई है, जो भारतीय नौसेना में लांस नायक के पद पर तैनात था। उसे राज्य की आतंकवाद निरोधक इकाई Uttar Pradesh Anti Terrorism Squad ने 10 मार्च 2026 को हिरासत में लिया। अधिकारियों के अनुसार आरोपी के खिलाफ प्रारंभिक जांच में ऐसे संकेत मिले हैं कि वह विदेशी एजेंटों के संपर्क में था और उनसे लगातार बातचीत कर रहा था। गिरफ्तारी के बाद उसे अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया गया है। इस घटना ने सुरक्षा एजेंसियों को भी सतर्क कर दिया है क्योंकि मामला देश की सुरक्षा से जुड़ा हुआ माना जा रहा है।
जांच में सामने आया ISI से संपर्क का मामला
एटीएस अधिकारियों के मुताबिक उन्हें कुछ समय से ऐसी खुफिया जानकारी मिल रही थी कि भारत से जुड़ी संवेदनशील सूचनाएं किसी व्यक्ति द्वारा पाकिस्तान तक पहुंचाई जा रही हैं। इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए एजेंसी ने तकनीकी और भौतिक निगरानी के जरिए जांच शुरू की। जांच के दौरान आगरा निवासी आदर्श कुमार का नाम सामने आया। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी कथित तौर पर पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी Inter-Services Intelligence के संपर्क में था। जांच में यह भी सामने आया कि वह दक्षिणी नेवल कमांड में तैनात था और केरल के कोच्चि में अपनी ड्यूटी कर रहा था। एजेंसियों को शक है कि इसी दौरान उसने सैन्य गतिविधियों से जुड़ी कुछ संवेदनशील जानकारी विदेशी एजेंटों के साथ साझा की।
संवेदनशील जानकारी और तस्वीरें भेजने का आरोप
जांच एजेंसियों के अनुसार आरोपी पर आरोप है कि उसने रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण जानकारी पाकिस्तान स्थित एजेंटों तक पहुंचाई। बताया जा रहा है कि उसने युद्धक पोतों, नौसेना से जुड़ी गतिविधियों और कुछ सैन्य ठिकानों से संबंधित तस्वीरें और विवरण भी साझा किए। हालांकि जांच एजेंसियां अभी इस पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और डिजिटल साक्ष्यों की जांच के दौरान कई ऐसे सुराग मिले हैं जिनसे आरोपी की गतिविधियों पर शक मजबूत हुआ है। एजेंसी अब यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि आरोपी के संपर्क में और कौन-कौन लोग थे और क्या यह मामला किसी बड़े नेटवर्क से जुड़ा हुआ है।
अदालत में पेशी के बाद न्यायिक अभिरक्षा
जांच में पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद एटीएस ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। इसके बाद उसे नियमानुसार अदालत के सामने पेश किया गया। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में भेजने का आदेश दिया है। बताया जा रहा है कि आरोपी की उम्र करीब 24 वर्ष है और वह आगरा जिले के कागारौल क्षेत्र के चीतापुर गांव का रहने वाला है। उसके पिता का नाम बलवीर सिंह बताया गया है। फिलहाल सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की जांच में जुटी हुई हैं और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आरोपी कब से विदेशी एजेंटों के संपर्क में था। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही इस मामले की पूरी सच्चाई सामने आ सकेगी।
