Amarnath Yatra Bus Accident: जम्मू-कश्मीर में चल रही अमरनाथ यात्रा के दौरान मंगलवार को एक बड़ा सड़क हादसा हो गया। गांदरबल जिले के हरिगनीवन इलाके में श्रद्धालुओं से भरी एक बस अचानक सड़क से फिसलकर गहरी खाई में जा गिरी। हादसे के समय बस में करीब 50 यात्री सवार थे, जिनमें से 39 लोग घायल हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और आसपास मौजूद लोगों ने तुरंत राहत कार्य शुरू कर दिया। शुरुआती जानकारी के मुताबिक यह दुर्घटना गुंड क्षेत्र के एस-Mode हरिगनीवन मोड़ पर हुई, जहां बस अचानक चालक के नियंत्रण से बाहर हो गई। हालांकि हादसे की असली वजह क्या रही, इसका पता लगाने के लिए प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है। फिलहाल अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही दुर्घटना के कारणों की पुष्टि की जाएगी।
सेना और सुरक्षा बलों ने तुरंत संभाला मोर्चा
हादसे की सूचना मिलते ही भारतीय सेना, सीआरपीएफ, आईटीबीपी, जम्मू-कश्मीर पुलिस, यात्रा पुलिस, 2 असम राइफल्स और 21 राष्ट्रीय राइफल्स की टीमें बिना देरी मौके पर पहुंच गईं। स्थानीय लोगों ने भी बचाव अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सभी एजेंसियों ने मिलकर बस में फंसे यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकालने का अभियान चलाया। राहत दल ने घायलों को प्राथमिक उपचार देने के बाद तुरंत एंबुलेंस के जरिए कंगन अस्पताल पहुंचाया। समय रहते बचाव कार्य शुरू होने से कई यात्रियों की जान बचाई जा सकी। अधिकारियों ने बताया कि गंभीर रूप से घायल श्रद्धालुओं को जरूरत पड़ने पर श्रीनगर के बड़े अस्पताल में भेजने की व्यवस्था भी तैयार रखी गई है।
घायलों का इलाज जारी, प्रशासन हर स्थिति पर रख रहा नजर
कंगन अस्पताल में डॉक्टरों की टीम लगातार घायलों का इलाज कर रही है। राहत की बात यह है कि अधिकांश श्रद्धालुओं की हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है, जबकि कुछ लोगों को गंभीर चोटें आई हैं और उनकी विशेष निगरानी की जा रही है। प्रशासन ने घायलों के परिजनों को सूचना देने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है ताकि उन्हें सही जानकारी समय पर मिल सके। अस्पताल प्रशासन के साथ जिला प्रशासन भी लगातार स्थिति की समीक्षा कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि यदि किसी मरीज की हालत बिगड़ती है तो उसे तुरंत बेहतर इलाज के लिए श्रीनगर रेफर किया जाएगा। फिलहाल सभी घायलों को आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
सुरक्षा व्यवस्था की होगी समीक्षा, यात्रियों से सावधानी की अपील
अमरनाथ यात्रा के दौरान श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पूरे मार्ग पर पहले से ही सेना, अर्धसैनिक बलों और पुलिस की तैनाती रहती है। इसी मजबूत व्यवस्था के चलते हादसे के तुरंत बाद राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू हो सका। घटना के बाद प्रशासन ने संबंधित मार्ग की सुरक्षा और यातायात व्यवस्था की अतिरिक्त समीक्षा करने का फैसला लिया है। साथ ही अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि यात्रा के दौरान प्रशासन द्वारा जारी सभी दिशा-निर्देशों का पालन करें और किसी भी तरह की लापरवाही से बचें। फिलहाल अमरनाथ यात्रा सामान्य रूप से जारी है, लेकिन इस दुर्घटना ने एक बार फिर पहाड़ी रास्तों पर सतर्कता और सुरक्षित यात्रा की आवश्यकता को सामने ला दिया है। प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट आने के बाद यदि किसी तरह की लापरवाही सामने आती है तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
