Home देश मां-बहू पर शक, घर में मातम… लेकिन हजारों मील दूर कातिल मना...

मां-बहू पर शक, घर में मातम… लेकिन हजारों मील दूर कातिल मना रहा था जश्न! हिल गई पुलिस

उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले में एक हैरान कर देने वाली मर्डर मिस्ट्री का खुलासा हुआ है। मां ने बहू पर और बहू ने सास पर बेटे की हत्या का आरोप लगाया था, लेकिन जब पुलिस ने जांच की तो सच केरल में मिला।

बस्ती

बस्ती। उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले से एक ऐसा हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जिसने पुलिस प्रशासन से लेकर आम जनता तक के होश उड़ा दिए हैं। अमूमन जब किसी घर से कोई इंसान अचानक गायब हो जाता है, तो परिवार में मातम छा जाता है। लेकिन बस्ती के वाल्टरगंज थाना क्षेत्र में एक शख्स के लापता होने के बाद जो हाई-वोल्टेज ड्रामा शुरू हुआ, उसने मर्डर मिस्ट्री जैसी गंभीर शक्ल अख्तियार कर ली थी। घर की महिलाओं ने एक-दूसरे पर कत्ल के संगीन आरोप लगा दिए थे। हर तरफ बस एक ही सवाल गूंज रहा था कि आखिर लापता शख्स का शव कहां है? लेकिन जब इस उलझी हुई गुत्थी को सुलझाने के लिए खाकी ने अपना दिमाग दौड़ाया, तो सच हजारों किलोमीटर दूर एक अनजान ठिकाने पर मिला, जिसने इस पूरी मर्डर थ्योरी को ही पलट कर रख दिया।

सास-बहू में जंग: ‘तूने मेरे बेटे को मार डाला!’

पूरे विवाद की शुरुआत वाल्टरगंज इलाके के रहने वाले मोहम्मद इरफान के अचानक गायब होने से हुई थी। इरफान के लापता होते ही घर में कोहराम मच गया, लेकिन यह कोहराम दुख का नहीं बल्कि नफरत और आरोपों का था। इरफान की मां ने सीधे तौर पर अपनी बहू को कटघरे में खड़ा कर दिया। मां का साफ कहना था कि बहू ने ही उसके बेटे को रास्ते से हटाकर उसकी हत्या कर दी है। वहीं, दूसरी तरफ बहू ने भी चुप रहने के बजाय पलटवार किया। बहू ने अपनी सास पर ही साजिश रचने और पति की हत्या करवाने का सनसनीखेज इल्जाम लगा दिया। दोनों पक्षों की तरफ से थाने में शिकायतें दर्ज कराई गईं। पुलिस के लिए यह मामला बेहद पेचीदा हो चुका था क्योंकि बिना किसी शव या पुख्ता सबूत के, घर की दो मुख्य महिलाएं एक-दूसरे पर खून का इल्जाम मढ़ रही थीं।

डिजिटल सबूतों का जाल और खाकी की तफ्तीश

मामले की गंभीरता को देखते हुए बस्ती पुलिस ने अपनी स्पेशल टीमों को काम पर लगा दिया। चूंकि मामला ऑन-रिकॉर्ड मर्डर की आशंका का था, इसलिए पुलिस ने पारंपरिक पूछताछ के साथ-साथ आधुनिक और तकनीकी जांच का सहारा लिया। पुलिस टीम ने सबसे पहले इरफान के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स (CDR), उसके बैंक खातों के लेन-देन और सोशल मीडिया एक्टिविटी की बारीकी से जांच शुरू की। शुरुआती जांच में जब पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की परतें खोलीं, तो कहानी में एक नया और चौंकाने वाला मोड़ आ गया। बैंक खातों से हो रहे ट्रांजैक्शन और मोबाइल टावर की लोकेशन उत्तर प्रदेश से बहुत दूर दक्षिण भारत के एक राज्य की तरफ इशारा कर रही थी। इसके बाद पुलिस का माथा ठनका और कत्ल की थ्योरी पर शक गहरा गया।

केरल में मिला ‘मुर्दा’, सामने आई अजीब दास्तान

टेक्निकल सर्विलांस की मदद से जब पुलिस को पुख्ता लोकेशन मिल गई, तो बस्ती पुलिस की एक टीम तुरंत हजारों किलोमीटर दूर केरल के लिए रवाना की गई। केरल के एक शहर में जब पुलिस ने दी गई लोकेशन पर दबिश दी, तो वहां का नजारा देखकर खुद पुलिसकर्मी भी दंग रह गए। जिस इरफान की हत्या के आरोप में उसकी मां और पत्नी एक-दूसरे को जेल भिजवाने पर तुली थीं, वह इरफान वहां बिल्कुल सही-सलामत और जिंदा मिला। पुलिस ने उसे अपनी कस्टडी में लिया और जब थाने लाकर कड़ाई से पूछताछ की, तो इरफान ने जो सच बताया वह किसी फिल्म की स्क्रिप्ट जैसा था। इरफान ने रोते हुए बताया कि वह अपनी मां और पत्नी के बीच रोज-रोज होने वाले झगड़ों और घरेलू कलह से इस कदर तंग आ चुका था कि उसका जीना दुश्वार हो गया था। इसी मानसिक तनाव से बचने के लिए उसने चुपचाप घर छोड़ने का फैसला किया और बिना किसी को बताए केरल आ गया, जहां वह पेंटिंग (पुताई) का काम करके शांति से अपनी जिंदगी गुजार रहा था। आखिरकार, जिस मामले को पुलिस और परिवार मर्डर मान रहे थे, वह महज एक पारिवारिक कलह और गलतफहमी का नाटक निकला।

Read more-दिमाग का ऑपरेशन चल रहा था, सामने चल रही थी फिल्म… डॉक्टरों ने किया कमाल

Exit mobile version