राजस्थान के जयपुर जिले के सांभर क्षेत्र से एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने हर किसी को हैरान कर दिया। पुलिस के अनुसार, 65 वर्षीय महिला की हत्या किसी बाहरी बदमाश ने नहीं, बल्कि उनकी अपनी भतीजी और उसके प्रेमी ने मिलकर की। आरोप है कि दोनों ने पहले घर में रखे कीमती सामान पर नजर बनाई और फिर महिला की हत्या कर सोने-चांदी के गहने तथा नकदी लेकर फरार हो गए। घटना का खुलासा उस समय हुआ जब महिला का शव घर के अंदर मिला। इसके बाद परिजनों ने पुलिस को सूचना दी और हत्या के साथ लूट का मामला दर्ज कराया गया। शुरुआती जांच में मामला रहस्यमय लग रहा था, लेकिन कुछ अहम सुरागों ने पूरी कहानी बदल दी।
सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी जांच से सामने आई सच्चाई
घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष जांच टीम बनाई। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग, मोबाइल कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच की गई। जांच के दौरान पुलिस का शक मृतका की 40 वर्षीय भतीजी ललिता पर गया। पूछताछ में मिले तथ्यों के आधार पर जब उससे सख्ती से सवाल किए गए तो उसने कथित तौर पर पूरी साजिश का खुलासा कर दिया। पुलिस ने उसकी निशानदेही पर उसके 26 वर्षीय प्रेमी बबलू मीणा को भी गिरफ्तार कर लिया। जांच में सामने आया कि दोनों ने वारदात से पहले घर की गतिविधियों पर नजर रखी थी और मौका मिलते ही अपराध को अंजाम दिया। पुलिस अब दोनों से आगे की पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस वारदात में कोई और व्यक्ति भी शामिल था या नहीं।
ऐशो-आराम और महंगे शौक के लिए रची गई थी साजिश
पुलिस के अनुसार, प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे महंगे शौक, घूमने-फिरने और शराब पार्टियों के खर्च पूरे करने के लिए पैसों की तलाश में थे। इसी लालच में उन्होंने इस वारदात की योजना बनाई। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब चार लाख रुपये मूल्य के सोने-चांदी के आभूषण, नकदी, एटीएम कार्ड और अन्य सामान बरामद किया है। बरामद सामान में सोने के कंगन, टॉप्स, नथ, चांदी की पायल, सिक्के, बिछुए और अन्य आभूषण शामिल हैं। पुलिस का कहना है कि सभी बरामद सामान की पहचान और दस्तावेजी प्रक्रिया पूरी की जा रही है ताकि उन्हें कानूनी कार्रवाई के तहत अदालत में प्रस्तुत किया जा सके।
आरोपियों से पूछताछ जारी, पुलिस करेगी पूरे नेटवर्क की जांच
पुलिस अब दोनों आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि पूछताछ के दौरान यह भी पता लगाया जाएगा कि क्या वारदात की योजना लंबे समय से बनाई जा रही थी या इसे अचानक अंजाम दिया गया। साथ ही यह भी जांच होगी कि चोरी किए गए सामान को बेचने या छिपाने में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका तो नहीं थी। इस घटना ने एक बार फिर दिखाया है कि लालच और पैसों की चाह रिश्तों को भी खत्म कर सकती है। पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और सभी साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
