Home देश स्वतंत्रता दिवस पर देवदत्त पडिक्कल का ऐतिहासिक धमाका, शतक लगाकर रचा ऐसा...

स्वतंत्रता दिवस पर देवदत्त पडिक्कल का ऐतिहासिक धमाका, शतक लगाकर रचा ऐसा रिकॉर्ड जो पहले किसी भारतीय ने नहीं बनाया

Devdutt Padikkal ने श्रीलंका के खिलाफ गॉल टेस्ट में अपने करियर का पहला शतक जड़ा। 15 अगस्त को शतक लगाकर वह टेस्ट क्रिकेट में ऐसा करने वाले पहले भारतीय बने।

Devdutt Padikkal

Devdutt Padikkal: भारत के 80वें स्वतंत्रता दिवस का दिन भारतीय क्रिकेट के लिए भी खास बन गया। श्रीलंका के खिलाफ गॉल में खेले जा रहे पहले टेस्ट के दौरान देवदत्त पडिक्कल (Devdutt Padikkal) ने अपने टेस्ट करियर का पहला शतक जड़ दिया। इससे भी खास बात यह रही कि उन्होंने यह शतक 15 अगस्त यानी स्वतंत्रता दिवस के दिन लगाया। इस शतकीय पारी के साथ पडिक्कल ने टेस्ट क्रिकेट में एक खास भारतीय रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया।

तीसरे टेस्ट में ही पडिक्कल ने दिखाया दम

देवदत्त पडिक्कल (Devdutt Padikkal) को श्रीलंका के खिलाफ इस टेस्ट में नंबर-3 पर बल्लेबाजी की जिम्मेदारी मिली थी। साई सुदर्शन के चोटिल होने के बाद उन्हें टीम में मौका दिया गया। पडिक्कल ने इस मौके को पूरी तरह भुनाते हुए शुरुआत से ही संभलकर बल्लेबाजी की। उन्होंने 134 गेंदों में अपना पहला टेस्ट शतक पूरा किया, जिसमें 9 चौके और 1 छक्का शामिल रहा। उनकी इस पारी में धैर्य के साथ आक्रामक बल्लेबाजी का शानदार मेल देखने को मिला। यह उनके टेस्ट करियर का तीसरा मुकाबला है।

15 अगस्त को टेस्ट शतक लगाने वाले पहले भारतीय

देवदत्त पडिक्कल (Devdutt Padikkal) की इस पारी की सबसे बड़ी खासियत उनका अनोखा रिकॉर्ड रहा। वह भारत के स्वतंत्रता दिवस यानी 15 अगस्त को टेस्ट क्रिकेट में शतक लगाने वाले पहले भारतीय बल्लेबाज बने। शतक पूरा करते ही गॉल स्टेडियम में भारतीय टीम के लिए यह पल बेहद खास बन गया। इस उपलब्धि ने पडिक्कल की पारी को उनके पहले टेस्ट शतक से कहीं ज्यादा यादगार बना दिया। इससे पहले वह टेस्ट क्रिकेट में अपना शतक पूरा नहीं कर पाए थे। अब इस खास रिकॉर्ड के साथ उनका नाम भारतीय क्रिकेट के इतिहास में दर्ज हो गया है।

नंबर-3 की परेशानी के बीच मिला मजबूत दावेदार

भारतीय टेस्ट टीम में नंबर-3 का स्थान लंबे समय से अहम माना जाता रहा है। राहुल द्रविड़ और चेतेश्वर पुजारा जैसे बल्लेबाजों ने इस नंबर पर लंबे समय तक टीम को मजबूती दी थी। हालांकि हाल के समय में इस स्थान पर लगातार बदलाव देखने को मिला है। साई सुदर्शन के चोटिल होने के बाद देवदत्त पडिक्कल (Devdutt Padikkal) को यह जिम्मेदारी मिली और उन्होंने शतक लगाकर अपनी दावेदारी मजबूत कर दी। टेस्ट से पहले श्रीलंका क्रिकेट XI के खिलाफ अभ्यास मैच में भी उन्होंने नाबाद 142 रन बनाए थे। ऐसे में लगातार दो बड़ी पारियों के बाद टीम मैनेजमेंट के सामने पडिक्कल को आगे भी नंबर-3 पर बनाए रखने का विकल्प मजबूत हो गया है।

भारत के 600वें टेस्ट में भी यादगार दिन

श्रीलंका के खिलाफ गॉल टेस्ट भारत का 600वां टेस्ट मैच भी है। यानी एक तरफ भारतीय टीम अपने टेस्ट इतिहास का बड़ा पड़ाव पार कर रही है, तो दूसरी तरफ देवदत्त पडिक्कल (Devdutt Padikkal) ने स्वतंत्रता दिवस पर शतक लगाकर इस मुकाबले को अपने लिए भी ऐतिहासिक बना दिया। टीम इंडिया के लिए यह टेस्ट नए दौर की शुरुआत के तौर पर भी देखा जा रहा है और पडिक्कल की पारी ने नंबर-3 की समस्या के बीच एक सकारात्मक संकेत दिया है।

Read More-PM मोदी के भाषण को लेकर क्या बोले सौरभ भारद्वाज? बोले- ‘अब प्रधानमंत्री जी को रिटायर हो…’

Exit mobile version