Home देश JDU दफ्तर के बाहर लगा वो पोस्टर, जिसने नीतीश के लिए ‘सर्वोच्च...

JDU दफ्तर के बाहर लगा वो पोस्टर, जिसने नीतीश के लिए ‘सर्वोच्च सम्मान’ और बेटे के लिए कर दिया हैरान करने वाला ऐलान!

बिहार की राजनीति में आया बड़ा भूचाल! पटना में JDU दफ्तर के बाहर लगे एक पोस्टर ने राजनीतिक गलियारों में खलबली मचा दी है।

बिहार

बिहार की सियासत में कब क्या हो जाए, इसका अंदाजा बड़े-बड़े राजनीतिक पंडित भी नहीं लगा पाते। एक बार फिर पटना की सड़कों से उठी एक मांग ने पूरे देश का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। जनता दल यूनाइटेड (JDU) के पटना स्थित मुख्य कार्यालय के बाहर अचानक एक ऐसा पोस्टर चस्पा किया गया है, जिसने राज्य से लेकर दिल्ली तक की राजनीति में हलचल तेज कर दी है। इस पोस्टर के जरिए बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और जेडीयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष नीतीश कुमार को देश का सर्वोच्च नागरिक सम्मान यानी ‘भारत रत्न’ देने की पुरजोर मांग उठाई गई है। पोस्टर सामने आते ही राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है और इसके कई सियासी मायने निकाले जा रहे हैं।

‘बीस साल बेमिसाल’ और भारत रत्न की मांग: पोस्टर के पीछे की पूरी कहानी

पटना में जेडीयू कार्यालय के बाहर लगा यह पोस्टर केवल एक सामान्य बैनर नहीं है, बल्कि इसमें नीतीश कुमार के दो दशकों के राजनीतिक सफर का पूरा लेखा-जोखा पेश किया गया है। पोस्टर पर बड़े-बड़े अक्षरों में ‘बीस साल बेमिसाल’ और ‘मिशन विकसित बिहार 2040’ लिखा हुआ है। नीतीश कुमार की तारीफ में कसीदे पढ़ते हुए स्लोगन दिया गया है— “जन सेवा की स्वर्णिम मिसाल, जो रच चुके हैं एकता, न्याय और समावेशी विकास का विश्व कीर्तिमान, नीतीश सेवक मांग रहा है- भारत रत्न सम्मान।” यह पोस्टर बिहार प्रदेश छात्र जेडीयू के प्रदेश उपाध्यक्ष कृष्ण पटेल द्वारा लगाया गया है। हालांकि यह पहली बार नहीं है जब नीतीश कुमार को भारत रत्न देने की बात उठी हो, लेकिन मौजूदा सियासी माहौल में इस मांग के दोबारा उठने से कयासबाजी तेज हो गई है।

निशांत कुमार की एंट्री और ‘फ्यूचर लीडर’ का टैग: क्या है JDU का नया प्लान?

इस पूरे घटनाक्रम में सबसे ज्यादा चौंकाने वाली और ध्यान खींचने वाली बात नीतीश कुमार के बेटे और बिहार के वर्तमान स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार की तस्वीर है। पोस्टर में निशांत कुमार को ‘फ्यूचर लीडर ऑफ बिहार’ (बिहार का भविष्य का नेता) के रूप में प्रोजेक्ट किया गया है। पोस्टर पर साफ तौर पर लिखा है कि “नीतीश का मिशन अधूरा, निशांत करेंगे पूरा।” गौरतलब है कि निशांत कुमार ने हाल ही में फिल्म अभिनेता पवन सिंह के साथ विधान परिषद (MLC) के सदस्य के रूप में औपचारिक रूप से शपथ ली है। निशांत कुमार के सक्रिय राजनीति में आने और सीधे स्वास्थ्य मंत्री जैसा बड़ा पद संभालने के बाद अब उन्हें जेडीयू के भीतर नीतीश कुमार के उत्तराधिकारी के रूप में देखा जाने लगा है, जिसने परिवारवाद के मुद्दे पर विपक्ष को भी एक नया हथियार दे दिया है।

दिल्ली में नीतीश की धमक: मोदी कैबिनेट में एंट्री की अटकलें तेज

एक तरफ जहां पटना में नीतीश कुमार को भारत रत्न देने और उनके बेटे को भविष्य का नेता बनाने की मांग उठ रही है, वहीं दूसरी तरफ देश की राजधानी दिल्ली में भी जेडीयू को लेकर बड़ी खिचड़ी पक रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाले केंद्रीय मंत्रिमंडल के आगामी विस्तार को लेकर चर्चाएं बेहद गर्म हैं। सूत्रों और राजनीतिक विश्लेषकों की मानें तो बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को मोदी कैबिनेट में कोई बहुत बड़ा और अहम पोर्टफोलियो दिया जा सकता है। जेडीयू का एनडीए (NDA) सरकार में मजबूत स्तंभ होना और नीतीश कुमार का अनुभव इस बात को और हवा दे रहा है। यदि नीतीश कुमार केंद्र की राजनीति में जाते हैं, तो बिहार की कमान पूरी तरह से नई पीढ़ी के हाथों में सौंपने का रास्ता साफ हो जाएगा।

Read more-दूसरे टी20 में किसकी कटेगी टीम से छुट्टी? अय्यर की पहली जीत से पहले इन खिलाड़ियों की होगी अग्निपरीक्षा

Exit mobile version