भारतीय संगीत जगत को गहरा झटका देते हुए मशहूर गायिका Asha Bhosle का 12 अप्रैल 2026 को निधन हो गया। 92 वर्ष की उम्र में उन्होंने मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में अंतिम सांस ली। बताया जा रहा है कि स्वास्थ्य खराब होने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उनकी स्थिति बिगड़ गई। उनके निधन की खबर सामने आते ही देशभर में शोक की लहर दौड़ गई। दशकों तक अपनी आवाज से लोगों के दिलों पर राज करने वाली आशा भोसले के जाने से संगीत जगत में एक बड़ा खालीपन आ गया है।
PM मोदी ने जताया दुख
प्रधानमंत्री Narendra Modi ने भी आशा भोसले के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि आशा भोसले भारत की सबसे प्रतिष्ठित और बहुमुखी गायिकाओं में से एक थीं। उनका संगीत सफर कई दशकों तक चला और इस दौरान उन्होंने भारतीय संस्कृति को समृद्ध किया। पीएम मोदी ने कहा कि उनकी आवाज ने सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि पूरी दुनिया के लोगों के दिलों को छुआ। चाहे भावुक गीत हों या जोश से भरे गाने, उनकी गायकी में एक अलग ही जादू था। उन्होंने यह भी कहा कि उनसे हुई मुलाकातों की यादें हमेशा उनके साथ रहेंगी और उनकी आवाज आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।
Deeply saddened by the passing of Asha Bhosle Ji, one of the most iconic and versatile voices India has ever known. Her extraordinary musical journey, spanning decades, enriched our cultural heritage and touched countless hearts across the world. Be it her soulful melodies or… pic.twitter.com/SbFrzf1Meu
— Narendra Modi (@narendramodi) April 12, 2026
अंतिम संस्कार की तैयारी, परिवार ने दी जानकारी
आशा भोसले के बेटे आनंद भोसले ने जानकारी दी कि उनका अंतिम संस्कार 13 अप्रैल को मुंबई के शिवाजी पार्क में किया जाएगा। उनकी पोती जनाई भोसले के अनुसार, उन्हें सीने में संक्रमण और कमजोरी की शिकायत के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था। कुछ रिपोर्ट्स के मुताबिक, उन्हें दिल का दौरा भी पड़ा था और फेफड़ों से जुड़ी दिक्कतें भी थीं। परिवार के लिए यह बेहद कठिन समय है, वहीं उनके लाखों प्रशंसक भी इस खबर से भावुक हैं। सोशल मीडिया पर लोग लगातार उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं और उनके गानों को याद कर रहे हैं।
संगीत की विरासत जो हमेशा जिंदा रहेगी
8 सितंबर 1935 को महाराष्ट्र के सांगली में जन्मीं आशा भोसले ने संगीत की दुनिया में एक अलग मुकाम हासिल किया। उनके पिता दीनानाथ मंगेशकर ने उन्हें शुरुआती संगीत शिक्षा दी, वहीं उनकी बड़ी बहन Lata Mangeshkar भी संगीत की दुनिया की महान हस्ती थीं। आशा भोसले ने हजारों गीत गाए और हर शैली में अपनी अलग पहचान बनाई। उनकी आवाज में वह खासियत थी, जो हर पीढ़ी को जोड़ती रही। आज भले ही वह हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनके गीत हमेशा लोगों के दिलों में गूंजते रहेंगे और उन्हें अमर बनाए रखेंगे।
