Afghanistan Cricketer Shapoor Zadran Death: अफगानिस्तान क्रिकेट को एक बड़ा झटका उस समय लगा जब पूर्व तेज गेंदबाज Shapoor Zadran का निधन हो गया। लंबे समय से गंभीर बीमारी से जूझ रहे शापूर जादरान ने 7 जुलाई को 38 वर्ष की उम्र में अंतिम सांस ली। उनके परिवार और क्रिकेट प्रेमियों के लिए सबसे भावुक बात यह रही कि जिस दिन वह अपना 39वां जन्मदिन मनाने वाले थे, उसी दिन उनका पार्थिव शरीर अपने देश पहुंचा। यह दृश्य जिसने भी देखा, उसकी आंखें नम हो गईं। क्रिकेट जगत में शापूर जादरान को एक जुझारू और मेहनती खिलाड़ी के रूप में याद किया जाता है। उनके निधन की खबर सामने आते ही अफगानिस्तान समेत दुनिया भर के क्रिकेट प्रशंसकों ने शोक व्यक्त किया।
काबुल एयरपोर्ट पर उमड़ा भावनाओं का सैलाब
बुधवार को जब शापूर जादरान का पार्थिव शरीर काबुल पहुंचा तो वहां का माहौल बेहद भावुक था। एयरपोर्ट पर उनके परिवार के सदस्य, अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड के अधिकारी और कई मौजूदा व पूर्व खिलाड़ी मौजूद थे। इस दौरान कई खिलाड़ी अपने आंसू नहीं रोक सके। अफगानिस्तान के स्टार स्पिनर Rashid Khan और पूर्व कप्तान Mohammad Nabi भी उन्हें अंतिम विदाई देने पहुंचे। सभी के चेहरों पर दुख साफ दिखाई दे रहा था। खिलाड़ियों ने शापूर के साथ बिताए पुराने दिनों को याद किया और उनके योगदान को श्रद्धांजलि दी। एयरपोर्ट पर मौजूद लोगों के लिए यह पल बेहद भावुक और दर्दभरा था।
तेज गेंदबाजी से बनाई थी खास पहचान
शापूर जादरान अफगानिस्तान क्रिकेट के शुरुआती सितारों में गिने जाते थे। उनकी लंबी कद-काठी, लंबे बाल और तेज रफ्तार गेंदबाजी ने उन्हें अलग पहचान दिलाई थी। उन्होंने ऐसे समय में अफगानिस्तान क्रिकेट का प्रतिनिधित्व किया, जब टीम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी जगह बनाने की कोशिश कर रही थी। अपने करियर के दौरान उन्होंने कई बड़े बल्लेबाजों को परेशान किया और महत्वपूर्ण विकेट हासिल किए। वनडे क्रिकेट में उन्होंने 44 मैचों में 43 विकेट लिए, जबकि टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 36 मुकाबलों में 37 विकेट अपने नाम किए। उन्होंने विदेशी टी20 लीगों में भी हिस्सा लिया और अफगानिस्तान क्रिकेट को दुनिया में पहचान दिलाने में अहम भूमिका निभाई।
अंतिम विदाई के लिए जुटे लोग
अफगानिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने उनके अंतिम संस्कार की तैयारियों की जानकारी भी साझा की है। काबुल की ऐतिहासिक मस्जिद में जनाजे की नमाज अदा की जाएगी, जिसके बाद उन्हें सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा। शापूर जादरान का जाना केवल उनके परिवार के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे अफगानिस्तान क्रिकेट के लिए बड़ी क्षति माना जा रहा है। उन्होंने अपने प्रदर्शन और संघर्ष से लाखों युवाओं को प्रेरित किया। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि अफगानिस्तान क्रिकेट के विकास में उनका योगदान हमेशा याद रखा जाएगा। उनके निधन से खेल जगत में शोक की लहर है और प्रशंसक सोशल मीडिया पर उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं।
