Monday, May 23, 2022

मस्जिद निर्माण के लिए बनेगा बाबरी मस्जिद ट्रस्ट, 24 को सुन्नी वक्फ बोर्ड की बैठक में होगा एलान

- Advertisement -
- Advertisement -

राम मंदिर निर्माण के लिए ट्रस्ट की घोषणा के बाद अब बाबरी मस्जिद के निर्माण के लिए ट्रस्ट बनाने की मांग जोर पकड़ने लगी है। सुन्नी वक़्फ़ बोर्ड ने 24 फरवरी को एक अहम बैठक बुलाई है। इसी बैठक में मस्जिद निर्माण के लिए ट्रस्ट का गठन किया जा सकता है। खबर यह भी आ रही है कि बोर्ड के मौजूदा सदस्यों के अलावा पूर्व में मध्यस्थता के प्रयास करने वाले भी ट्रस्ट में शामिल किए जाएंगे। सुन्नी वक्फ बोर्ड ने अयोध्या में नया मस्जिद बनाने की बात कही है। माना जा रहा है कि मस्जिद ट्रस्ट को इंडो इस्लामिक कल्चर फाउंडेशन नाम दिया गया है। यही फाउंडेशन सरकार से मिली जमीन पर मस्जिद और अन्य तरह के प्रोजेक्ट को पूरा करेगा। यह भी देखें: इंजीनियरिंग छात्र की हत्या के मामले में बसपा के पूर्व विधायक का बेटा गिरफ्तार

24 फरवरी को सुन्नी वक्फ बोर्ड की बैठक में फाउंडेशन के सदस्यों के नामों का औपचारिक एलान किया जाएगा। ट्रस्ट के गठन के साथ ही मस्जिद के लिए सरकार से मिली जमीन को लेकर भी फैसला होगा। वक्फ बोर्ड के सूत्रों की मानें तो मुस्लिमों का एक तबका मस्जिद के लिए जमीन लेने के खिलाफ है। वहीं सुन्नी वक्फ बोर्ड की बैठक में इस विवाद का भी हल निकाला जाएगा। सूचना है कि ट्रस्ट में कुल सात सदस्य बनाए जा सकते हैं। सुन्नी वक्फ बोर्ड का अध्यक्ष ही इस ट्रस्ट का पदेन अध्यक्ष होगा। मौजूदा समय में जुफर फारुखी सुन्नी वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष हैं।

नए ट्रस्ट का काम अदालत के आदेश पर मिली 5 एकड़ जमीन पर अस्पताल, विद्यालय, इस्लामिक कल्चरल एक्टिविटीज को बढ़ाने वाले इंस्टिट्यूट, लाइब्रेरी, पब्लिक यूटिलिटी इनफ्रास्ट्रक्चर बनाने से लेकर दूसरी तरह की सामाजिक गतिविधियों को बढ़ाने के लिए किया जा सकता है। ट्रस्ट के जरिए सुन्नी वक्फ बोर्ड भारत में दोनों समुदायों के बीच सामंजस्य स्थापित करने के लिए भी कार्यक्रम चलाएगा। सुन्नी बोर्ड ने ट्रस्ट के कामकाज का पूरा खाका तैयार कर लिया है।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने सुन्नी वक्फ बोर्ड को जमीन देने के प्रस्ताव पर पहले ही मोहर लगा दिया है। योगी सरकार के फैसले के मुताबिक अयोध्या के सोहावल तहसील के धन्नीपुर गांव में सुन्नी वक्फ बोर्ड को पांच एकड़ जमीन दी जाएगी। यह जमीन अयोध्या जिला मुख्यालय से करीब 18 किलोमीटर दूर है। यह भी देखें: निर्मला सीतारमण से मिले मनीष सिसोदिया, एमसीडी के लिए मांगा फंड

- Advertisement -
Latest news
- Advertisement -
Related news
- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here