indian cricket team के वे प्लेयर..जो खिलाड़ी होने के साथ-साथ हैं सरकारी अधिकारी भी 

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आज हम आपको अपनी इस खास रिपोर्ट में भारतीय क्रिकेट टीम के कुछ ऐसे खिलाड़ियों से रूबरू कराने जा रहे हैं, जो दमदार खिलाड़ी होने के साथ-साथ एक शानदार सरकारी अधिकारी भी हैं। इन खिलाड़ियो ने न महज क्रिकेट की दुनिया में कमाल कर दिखाया है, बल्कि बतौर सरकारी अधिकारी बनकर भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। सरल शब्दों में कहें तो इन खिलाड़ियों ने एक तीर से दो निशाने किए हैं, जहां किक्रेट की पिच पर अपनी प्रतिभा की नुमाइश की है, तो वहीं सरकारी नौकरी हासिल कर राष्ट्र की खिदमत भी की है। इस फेहरिस्त में सबसे पहला नाम कपिल देव का है, जिनकी प्रतिभा से देश का बच्चा-बच्चा वाकिफ है। ये भी पढ़े :भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान कपिल देव को पड़ा दिल का दौरा, एंजियोप्लास्टी के बाद खतरे से बाहर

कपिल देव  
इस फेहरिस्त में सबसे पहला नाम कपिल देव का आता है, जो भारतीय क्रिकेट टीम के भूतपूर्व खिलाड़ी होने के साथ-साथ भारतीय सेना में करनल के पद पर आसिन हैं।  वैसे तो उन्हें कई राष्ट्रीय पुरस्कारों से नवाज जा चुका है, लेकिन साल 2008 में उन्हें भारतीय सेना में सम्मान के रूप में करनल के पद पर आसिन किया गया था।  बता दें कि कपिल देव भारतीय सेना में करनल का पद पाने वाले पहले भारतीय खिलाड़ी हैं। याद दिला दें कि क्रिकेट की दुनिया में  उनकी शानदार उपलब्धियां हमेशा मुस्तकबिल पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेंगी। उनकी अगुवाई में भारतीय टीम ने साल 1983 में पहला वर्ल्ड कप हासिल किया था।

जोगेंद्र शर्मा  
इस फेहरिस्त में दूसरा नाम जोगेंद्र शर्मा का आता है। हालांकि जोगेंद्र  का क्रिकेट की दुनिया में सफर बेहद छोटा, लेकिन शानदार रहा है। बता दें कि जोगेंद्र शर्मा महज 4 वनडे, 4 टी-20 और अंतरराष्ट्रीय मैच ही खेल पाए,  लेकिन अपने इस छोटे से सफर में उन्होने कुछ ऐसा कमाल कर दिखाया, जिसे कभी नहीं भुलाया जा सकता है। दरअसल, 2007 के टी-20 वर्ल्ड कप केफाइनल के आखिरी ओवर में पाकिस्तान के कप्तान मिसबाहुल हक को आउट कर भारत को पहला टी-20 वर्ल्ड कप जितवा दिया था। इसके बाद फिर उन्हें हरियाणा पुलिस ने डीएसपी  के पद के पेशकश की , जिसको स्वीकार करते हुए जोगेंद्र ने क्रिकेट को हमेशा-हमेशा के लिए अलविदा कह दिया।

सचिन तेंदुलकर 
इस फेहरिस्त में तीसरे नंबर पर नाम आता है , क्रिकेट के भगवान कहे जाने वाले क्रिकेट सचिन तेंदुलकर का। साल 2010 में उन्हें सम्मान देने हेतु भारतीय वायुसेना ने ग्रुप  ए में कैप्टन  के पद की पेशकश की थी, जिसे सचिन ने सहर्ष स्वीकार किया था। इसके बाद फिर उनके नाम को राज्यसभा सदस्य के रूप में नामित करने के लिए भेजा गया था। इसके साथ ही सचिन तेंदुलकर एक ऐसे खिलाड़ी भी बन चुके हैं, जिन्हें बिना किसी अनुभव के भारतीय वायुसेना में कैप्टन सरीखा  बड़ा पद दिया गया है।

महेंद्र सिंह धोनी 
महेंद्र सिंह धोनी जैसे महान खिलाड़ी की उपलब्धियों को हर्फों में  उतारते समय शब्द भी कम  पड़ रहे हैं। अपनी अगुवाई में उन्होंने भारतीय टीम को बहुत कुछ दिया है, जिसमें 2011 का वर्ल्ड कप भारत ने उन्हीं की अगुवाई में जीता था। जिसमें साल 2013 की चैंपियन ट्रॉफी भी शामिल है।  बता दें कि साल 2011 के वर्ल्ड कप जिताने के बाद महेंद्र सिंह धोनी को भारतीय सेना में लैफ्टिनेंट करनल का पद  सम्मान के रूप में दिया गया था। इतना ही नहीं, वे कई मौकों पर इस पद कार्य करने की इच्छा भी जता चुके हैं।  इसके लिए वे इसकी बैसिक ट्रेनिंग भी पूरी कर चुके हैं। ये भी पढ़े :लंबे अर्से बाद पिच पर उतरे गांगुली ने जड़ा अर्धशतक, लेकिन अफसोस नहीं दिला सके टीम को जीत