Thursday, June 17, 2021

भारत बायोटेक के चीफ का बयान : वैक्सीनेशन कोरोना से बचाव की गारंटी नहीं, प्रोटोकॉल का पालन जरूरी

- Advertisement -spot_img
- Advertisement -spot_img

नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस से त्राहि-त्राहि मची हुई है। हर दिन कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा बढ़ता जा रहा है। वैक्सीन की दोनों डोज ले चुके लोग भी इस जानलेवा वायरस की जद में आ रहे हैं। ऐसे में जो वैक्सीन नहीं लिए है उन्हें तो सतर्क रहने की जरूरत है लेकिन जो वैक्सीन ले चुके हैं वह भी लापरवाही न बरते। कोरोना महामारी से हमें कितना डरने की आवश्यकता है इस बारे में भारत बायोटेक के चैयरमैन और मैनेजिंग डायरेक्टर कृष्णा एल्ला ने वैक्सीनेशन के बाद भी कोरोना गाइड लाइन का कड़ाई से पालन करने को कहा है।

इसे भी पढ़ें:-वैक्सीन की कमी के आरोप पर केंद्र ने राज्यों को दिया करारा जवाब, जानें क्या कहा

उन्होंने स्पष्ट किया कि इंजेक्टेबल टीके यानी की कोरोना की वैक्सीन सिर्फ शरीर के निचले फेफड़े की रक्षा कर सकती है। उसे ही संक्रमण से बचा सकती है। यह वैक्सीन ऊपरी फेफड़े के लिए रक्षात्मक नहीं हैं। ऐसे में कोरोना वैक्सीन की दोनों डोज लेने वाला भी संक्रमित हो सकता है। कोरोना वैक्सीनेशन सौ परसेंट बचाव की गारंटी नहीं है। उन्होंने कहा कि यह सभी इंजेक्शन वाले टीकों के साथ समस्या है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि कोरोना की खुराक संक्रमण को गंभीर होने से रोकने में मददगार और खुराक लेने के बाद कोरोना जानलेवा नहीं होगा।

बढ़ाया जायेगा उत्पादन

उन्होंने कहा कि वैक्सीन लेने के बाद भी मास्क पहनना सोशल डिस्टेंशिंग और कोरोना प्रोटोकॉल का पालन करना जरूरी है। उनका कहना है कि देश में टीकाकरण अभियान को गति देने के लिए भारत बायोटेक अगले मई माह से कोविड-19 टीके कोवैक्सिन की तीन करोड़ खुराक का उत्पादन करेगा। उन्होंने कहा मार्च महीने में कंपनी ने कोवैक्सिन की 1.5 करोड़ डोज का उत्पादन किया था। एल्ला का यह बयान ऐसे समय आया है जब पीएम मोदी ने वैक्सीन विनिर्माताओं से टीके का उत्पादन बढ़ाने को कहा है, जिसमें कम से कम समय में सभी भारतीयों का टीकाकरण किया जा सके।

इसे भी पढ़ें:-1 मई से लगेगी 18 साल से अधिक उम्र के हर एक व्यक्ति को कोरोना वैक्सीन, मोदी सरकार ने दिए आदेश

- Advertisement -spot_img
Latest news
Related news