जम्मू कश्मीर: आतंकी ने किया आत्मसमर्पण, तो चचा जान ने छू लिए सेना के अधिकारी के पैर, कहा शुक्रिया

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Jahangir-Ah-Bhat

जम्मू कश्मीर। जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir) को आतंकवाद से मुक्त करने के मकसद भारतीय सेना Indian Army ) जहां उनके सफाए को लिए सर्च अभियान चला रही है। वहीं दूसरी तरफ आतंकियों को आत्मसमर्पण का मौका भी दे रही है। आतंकियों को पकड़ने में जुटे सुरक्षाबलों ने श्रीनगर के चदूरा जिले में एक आतंकी को जिन्दा पकड़ लिया। खुद को घिरा देखा आतंकी ने हथियार डाल दिए और आत्मसमर्पण की बता कही। इस सुरक्षाबलों ने अपनी नई समपर्ण नीति के तहत उसे आत्मसमर्पण का मौका दिया। इधर भतीजे के पकडे जाने की खबर पाकर ,उसके चाचा भी मौके पर पहुंच गये। भतीजे को सही सलामत देखकर उसे गले लगा लिया, साथ ही उन्होंने एनकाउंटर स्थल पर मौजूद एक सैन्य अफसर का तहेदिलसे शुक्रिया किया।

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बता दें कि जम्मू कश्मीर (Jammu Kashmir) में जब तब सुरक्षा बलों और आतंकियों में मुठभेड़ होती रहती है। इस कड़ी में श्री नगर के चदूरा जिले में भी सेना की चिनार कोर की आतंकियों से भिडंत हुई, तभी सेना ने एक आतंकी को चारों तरफ से घेर लिया और उससे आत्मसमर्पण करने को कहा,जिस पर उक्त आतंकी ने आत्मसमपर्ण की बात स्वीकार कर ली। आत्मसमर्पण किये आतंकी की पहचान जहांगीर अहमद भट्ट के तौर पर की गयी है। जानकारी के मुताबिक जहांगीर अहमद चदूरा में दुकान चलाता था, लेकिन बीते 13 अक्टूबर से वह गायब था। जब उसने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण किया उस दौरन उसके पास से एक एके 47 बरामद हुई। माना जा रहा है उसके पास से बरामद एके 47 उन दो राइफल्स में से एक हैं,जो बीते 13 अक्टूबर को जम्मू-कश्मीर पुलिस का एक एसपीओ एसओजी कैंप से लेकर फरार हो गया था।

आत्मसमपर्ण को लेकर मिली जानकारी के मुताबिक, सुरक्षा बलों को सूचना मिली कि बडगाम के सेब के बगान के कुछ आतंकी मौजूद हैं जिस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए सेना, सीआरपीएफ और जम्मू-कश्मीर पुलिस ने एक साझा ऑपरेशन में उक्त सेब के बाग को घेर लिया। बाग़ में आतंकी जहाँगीर अहमद था। अपनी नई सरेंडर पॉलिसी के तहत आरआर (राष्ट्रीय राईफल्स) के एक अधिकारी ने जहांगीर को सरेंडर करने का अवसर दिया तो कुछ ही देर में वह तैयार हो गया। इस दौरान सेना ने जहांगीर के चाचा को भी सेब के बागान में बुला लिया था। जहांगीर के चाचा भी मौके पर पहुंच गये और उसे सुरक्षित देख उसे गले लगा लिया और सीआरपीएफ और पुलिस के अधिकारियों को तहेदिल से धन्यवाद देते हुए एक अफसर के पांव भी छू लिए। इस दौरान जहांगीर बड़े आराम से एक सेब खाते हुए देखा गया। ये सारा मंजर मोबाइल वीडियो में कैद हो गया और सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है।

बन रही है आतंकियों के लिए पुर्नवास की योजना

बता दें कि आतंकी जहांगीर ने जब सरेंडर किया तो उस वक्त सेना का एक अधिकारी भी कहते सुना गया कि वे भी “यहां (कश्मीर घाटी) लाश बिछाकर खुश नहीं होते हैं.। ”इस बारे में कोर के एक अधिकारी ने बताया कि सेना ने अपनी नई सरेंडर पॉलिसी शुरू की है,जिसके तहत सरेंडर करने वाले आतंकियों के लिए पुर्नवास की योजना बनाई जा रही हैं, जिसके तहत रक्षा मंत्रालय और गृह मंत्रालय एक साथ मिलकर सेना एक खास प्लान बनाने जा रही है।गौरतलब है कि अगर कोई आतंकी आत्मसमर्पण करता है तो वह आतंकी संगठन के आँख की किरकिरी बन जाता है और आतंकी संगठन उसे नुकसान पहुंचाने की फ़िराक में रहते हैं। ऐसे में सेना के खास प्लान से उनकी सुरक्षा का ध्यान रखा जायेगा। बता दें कि सेना की यह पालिसी सिर्फ कश्मीर (Kashmir) के उन युवाओं के लिए है,जो हाल फिलहाल में किसी आतंकी संगठन में शामिल हुए हैं, कश्मीर से आये आतंकियों के लिए यह पालिसी नही हैं।

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