कोरोना को हराने के लिए तैयार हुआ भारत, कोविशील्ड वैक्सीन के आपात इस्तेमाल को मिली मंजूरी 

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ऐसे आलम में जहां पूरा देश कोरोना के कहर से त्राहि-त्राहि कर रहा है तो वहीं भारत इस जानलेवा वायरस को मात देने के लिए अपनी सारी तैयारियां पुख्ता कर लेना चाहता है। अब  इसी को लेकर एक्सपर्ट कमेटी की अभी बैठक चल रही है, जिसमें फाइजर, भारत बायोटेक और सीरम इंस्टिट्यूट तीनों ही शिरकत करने पहुंची हैं।  खबरों की मानें तीनों का अभी प्रेजेंटेशन चल रहा है। वहीं सीरम इंस्टिट्यूट के कोविशील्ड के आपात इस्तेमाल को मंजूरी मिल चुकी है।  बताया जा रहा है कि सीरम इंस्ट्यूिट का प्रेजेंटेशन खत्म हो चुका है। इसके कोविशील्ड के आपात इस्तेमाल को मंजूरी मिल चुकी है। अभी भारत बायोटेक पर चर्चा ल रही है। इसके बाद फाइजर का प्रेजेंटेशन होगा। फिलहाल इन्हें लेकर क्या फैसला लिया जाता है। यह तो फिलहाल आने वाला वक्त ही तय करेगा।  ये भी पढ़े :नए साल के मौके पर भारत को मिल सकती है बड़ी राहत, कोरोना वैक्सीन से जुड़ा है ये पूरा मामला 

ध्यान रहे कि इससे पहले भी कमेटी की दो बैठकें हो चुकी हैं।  पिछली मर्तबा हुई बैठक में कोरोना वैक्सीन कंपनियों से कुछ जरूरी जानकारियां मांगी गई थी। बहरहाल, अब कोरोना को हराने की दिशा में भारत अपनी सारी तैयारियां मुकम्मल कर चुका है। सीरम इंस्टिट्यूट पहले ही कोरोना  वैक्सीन की पांच हजार डोज तैयार कर चुका है। यह 5 हजार  डोज कोरोना को मात देने की दिशा में बेहद अहम साबित होंगे। भरात में कोविशील्ड के इस्तेमाल अन्य वैक्सीन कंपनियों के वैक्सीन की तुलना में बेहद सहज व सरल है।  मॉडर्ना की वैक्सीन के लिए भी डीप फ्रीजर की आवश्यकता होगी. लेकिन ऑक्सफोर्ड की वैक्सीन को सामान्य फ्रीज में रखा जा सकता है।

 जानें कितनी होगी कीमत 
वहीं इनकी कीमतों की बात करें तो सीरम इंस्टिट्यूट के सीईओ अदार पूनावाला साफ कर चुके हैं कि मौजूदा समय में बने सभी खुराक भारत में ही इस्तेमाल  किए जाएंगे। वहीं, इनकी कीमत भी इतनी होगी कि हर कोई इसकी अदायगी कर सकेगा। इसकी कीमत 1 हजार रूपए के  आस पास हो सकती है। ये भी पढ़े  :सीरम इंस्टीट्यूट का दावा : इतनी जल्दी नहीं जाएगा कोरोना वायरस, लंबे अरसे तक पड़ेगी टीके की जरूरत