दिल्ली-एनसीआर में आवारा कुत्तों को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में संशोधित आदेश जारी किया है। कोर्ट ने कहा है कि इन कुत्तों को मारने या बेदखल करने के बजाय उन्हें नियंत्रित और सुरक्षित ढंग से रखा जाए। इस फैसले पर बॉलीवुड के चर्चित फिल्ममेकर राम गोपाल वर्मा ने सोशल मीडिया पर सवाल उठाते हुए तंज कसा। उन्होंने लिखा, “क्या कुत्ते अब मेडिकल फाइल देखकर तय करेंगे कि किसे काटना है और किसे नहीं?” उनकी यह टिप्पणी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है और लोग इस पर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
राम गोपाल वर्मा के इस ट्वीट ने सोशल मीडिया पर बड़ी बहस खड़ी कर दी है। कुछ लोग उनका समर्थन करते हुए कह रहे हैं कि अदालत को व्यावहारिक समाधान निकालना चाहिए, वहीं दूसरी ओर कई लोग कोर्ट के आदेश का स्वागत कर रहे हैं। उनका कहना है कि जानवरों को मारने के बजाय उनके लिए सुरक्षित और मानवीय व्यवस्था होनी चाहिए। वर्मा के तंज से यह साफ है कि समाज में अब भी आवारा कुत्तों को लेकर गहरी दुविधा और असहमति बनी हुई है।
MY QUESTIONS on the Supreme Court’s Revised Order Regarding Stray Dogs
1.
The Supreme Court has ruled that dogs must be vaccinated and dewormed, and then released back into the same localities where they were picked up from.My Questions:
How exactly does a dog’s vaccination…
— Ram Gopal Varma (@RGVzoomin) August 22, 2025
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर निगाहें
सुप्रीम कोर्ट के हालिया निर्देशों में कहा गया है कि नगर निगम और प्रशासन आवारा कुत्तों के टीकाकरण और देखरेख की जिम्मेदारी उठाएं। इसके अलावा, काटने की घटनाओं से प्रभावित लोगों को उचित इलाज और मुआवजा मिलना चाहिए। हालांकि, इस फैसले ने फिल्ममेकर जैसे कई लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या इससे सड़कों पर इंसानों की सुरक्षा की गारंटी मिल पाएगी। अब देखना होगा कि इस मामले पर आगे प्रशासन और समाज किस तरह का संतुलन बना पाते हैं।
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